गुरु रविदास महाराज का समानता और सर्व-साझेदारी का संदेश घर-घर पहुंचाने के लिए पंजाब सरकार प्रतिबद्ध : हरपाल चीमा
October 2, 2026

दिड़बा मंडी : गुरु रविदास महाराज जी के 650वें प्रकाश पर्व को समर्पित कार्यक्रमों की श्रृंखला के तहत पंजाब सरकार द्वारा वीरवार को दिड़बा की अनाज मंडी में गुरु साहिब के जीवन और शिक्षाओं पर आधारित ड्रोन शो करवाया गया। इस मौके वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा संगत के रूप में शामिल हुए। दिड़बा की अनाज मंडी में भारी संख्या में लोग ड्रोन शो को देखने के लिए पहुंचे। ड्रोन शो के दौरान आसमान में उकेरी गईं विभिन्न रोशन आकृतियों के माध्यम से गुरु साहिब की बाणी, जीवन-दर्शन और सर्व-साझेदारी के संदेश को प्रस्तुत किया गया।
आधुनिक तकनीक और आध्यात्मिक विरासत के इस अनूठे मेल ने उपस्थित संगत को आकर्षित किया। इस मौके वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि गुरु रविदास महाराज जी की शिक्षाओं को घर-घर तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि गुरु साहिब ने मानवता को समानता, प्रेम, मेहनत और आपसी भाईचारे का मार्ग दिखाया। उनकी बाणी जात-पात और सामाजिक भेदभाव से ऊपर उठकर प्रत्येक व्यक्ति के सम्मान की रक्षा करने की प्रेरणा देती है।
चीमा ने कहा कि गुरु साहिब द्वारा दिया गया ‘बेगमपुरा’ का विचार ऐसे समाज की स्थापना का मार्गदर्शन करता है, जहां प्रत्येक व्यक्ति बिना किसी भय, भेदभाव या सामाजिक बंधन के सम्मान के साथ जीवन व्यतीत कर सके। उन्होंने कहा कि गुरु साहिब की शिक्षाओं को अपने दैनिक जीवन में अपनाना और आपसी भाईचारे को मजबूत करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धा का प्रमाण है। वित्त मंत्री ने कहा कि ड्रोन शो जैसे नवीन प्रयास नई पीढ़ी को महान आध्यात्मिक विरासत से जोड़ने का प्रभावी माध्यम हैं।
आसमान में उभरती रोशन आकृतियों के माध्यम से गुरु साहिब के जीवन और विचारधारा की प्रस्तुति बच्चों और युवाओं में उनकी बाणी तथा शिक्षाओं के बारे में जानने की रुचि पैदा करती है। उन्होंने कहा कि पंजाब की धरती सांझीवालता, सेवा और भाईचारे की प्रतीक रही है। पंजाब सरकार द्वारा आयोजित किए जा रहे इन कार्यक्रमों का उद्देश्य इस विरासत को संरक्षित करना और मानवता के प्रति प्रेम तथा समानता का गुरु साहिब का संदेश जनचेतना का हिस्सा बनाना है।
हरपाल सिंह चीमा ने संगत से अपील की कि गुरु साहिब की शिक्षाओं से प्रेरणा लेते हुए समाज में आपसी सम्मान, सहयोग और सद्भावना को और मजबूत किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को समान सम्मान देना, जरूरतमंदों की सहायता करना और सामाजिक भेदभाव को दूर करने के लिए प्रयास करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।