'जबरदस्ती गोद में बिठाया, बाथरूम गई तब ', प्रिंसिपल छात्राओं के साथ कर रहा था अश्लील हरकत! कैसे खुली पोल?

Published on 21 सित॰ 2026

'जबरदस्ती गोद में बिठाया, बाथरूम गई तब ', प्रिंसिपल छात्राओं के साथ कर रहा था अश्लील हरकत! कैसे खुली पोल?

Time Published: Monday, September 21, 2026, 14:41 [IST]

Nawada Minor Students Harassment: बिहार के नवादा जिले से गुरु-शिष्य के रिश्ते को तार-तार करने वाला एक मामला निकल कर सामने आया है। नवादा जिले के एक सरकारी स्कूल में छात्राओं ने प्रधानाध्यापक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मामला यौन शोषण से जुड़ा हुआ है। सातवीं और आठवीं कक्षा में पढ़ने वाली छात्राओं ने स्कूल के प्रधानाध्यापक महेश प्रसाद पर कथित तौर पर गलत तरीके से छूने और अनुचित वयव्हार करने के आरोप लगाए।

मामला सामने आते ही छात्राओं के परिजन और ग्रामीण स्कूल पहुंच गए। देखते ही देखते स्कूल परिसर में लोगों की भीड़ जुट गई और कार्रवाई की मांग होने लगी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और छात्राओं व उनके परिजनों से जानकारी ली। इसके बाद प्रधानाध्यापक को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए नवादा पुलिस ने अब विशेष जांच दल यानी SIT का गठन किया है।

Nawada Minor Students Harassment

छात्राओं ने क्या आरोप लगाए?

छात्राओं का आरोप है कि प्रधानाध्यापक उन्हें अपने पास बुलाते थे और कथित तौर पर अनुचित तरीके से छूते थे। एक छात्रा ने बताया कि वह पानी पीने जा रही थी। इसी दौरान प्रधानाध्यापक ने उसे अपने पास बुलाया और कथित तौर पर जबरन अपनी गोद में बैठा लिया। छात्रा का आरोप है कि इस दौरान उसके साथ आपत्तिजनक व्यवहार किया गया।

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एक दूसरी छात्रा ने आरोप लगाया कि जब छात्राएं बाथरूम जाती थीं तो प्रधानाध्यापक उनके पीछे तक पहुंच जाते थे। छात्रा के मुताबिक, वह बाथरूम के पास खड़े होकर अंदर की तरफ देखने की कोशिश करते थे। इन घटनाओं के कारण छात्राओं में डर और असहजता का माहौल बनने की बात कही गई है।

एक छात्रा ने बताई आपबीती तो सामने आईं दूसरी शिकायतें

बताया जा रहा है कि पहले एक छात्रा ने अपने साथ हुए कथित व्यवहार की जानकारी अपनी सहेली को दी। इसके बाद दूसरी छात्राओं ने भी अपने अनुभव साझा किए। धीरे-धीरे यह बात उनके परिजनों और गांव के लोगों तक पहुंच गई। इसके बाद बड़ी संख्या में अभिभावक और ग्रामीण स्कूल पहुंच गए। लोगों ने प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को शांत कराया।

नवादा पुलिस ने क्या बताया?

नवादा पुलिस से जब हमने इस बारे में जानने की कोशिश की। पुलिस ने बताया कि 18 सितंबर को मामले की सूचना मिली थी। शिकायत मिलते ही महिला पुलिस अधिकारी के साथ अभया बिग्रेड की टीम को मौके पर भेजा गया। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की। पुलिस ने बताया कि पीड़ित छात्राओं से बात करने के साथ उनके परिजनों से भी जानकारी ली गई।

एक छात्रा के लिखित आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे CCTV फुटेज भी खंगाले। नवादा पुलिस के अनुसार, इसके बाद प्रधानाध्यापक महेश प्रसाद यादव को हिरासत में लेकर थाना लाया गया। जरूरी पूछताछ के बाद उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर लिया गया।

थाना प्रभारी उमाशंकर सिंह ने बताया कि एक नाबालिग छात्रा की शिकायत के आधार पर प्रधानाध्यापक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। इसके अलावा तीन अन्य लोगों की ओर से भी शिकायत दी गई है। कुल चार शिकायतें प्राप्त हुई हैं। प्राथमिकी दर्ज करने के बाद आरोपित प्रधानाध्यापक की चिकित्सकीय जांच कराई गई और उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

Nawada Minor Students Harassment

छात्राओं की मेडिकल जांच और कोर्ट में बयान

पुलिस ने छात्राओं को मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल नवादा भेजा। इसके बाद पीड़ित छात्राओं के बयान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी BNSS की धारा 183 के तहत न्यायालय में दर्ज कराए गए। गिरफ्तार प्रधानाध्यापक को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े दूसरे पहलुओं की जांच अभी जारी है।

जांच के लिए SIT बनाई गई

मामले की गंभीरता को देखते हुए नवादा के पुलिस अधीक्षक ने DySP स्पेशल क्राइम के नेतृत्व में SIT का गठन किया है। टीम अब घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस छात्राओं के बयान, CCTV फुटेज और दूसरे उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। छात्राओं की ओर से लगाए गए आरोपों की पूरी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

शिक्षा विभाग ने भी लिया संज्ञान

शिक्षा विभाग को भी मामले की जानकारी मिल गई है। डीपीओ स्थापना शिवकुमार वर्मा ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज होने की जानकारी विभाग को है। उन्होंने कहा कि मामले में नियमानुसार जरूरी कार्रवाई की जाएगी।

हमने इस मामले का दूसरा पहलू जानने के लिए आरोपी प्रधानाध्यापक के परिवार से भी संपर्क करने की कोशिश की लेकिन आरोपी के परिवार से संपर्क नहीं हो पाया है। पुलिस कस्टडी में होने के कारण आरोपू से भी बात नहीं हो पाई है।

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