भारत में अल्पसंख्यक समुदायों को किन समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, इसकी तस्वीर संसद में सामने आए आंकड़ों से मिलती है. राज्यसभा में सांसद श्रीमती रजती के सवाल के जवाब में केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय ने राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग (NCM) में दर्ज शिकायतों का ब्योरा दिया. 2021 से 2026 के बीच के आंकड़ों में कानून-व्यवस्था, जमीन विवाद और पुलिस से जुड़ी शिकायतें सबसे ज्यादा सामने आई हैं.
सरकार की ओर से दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, बीते 5 साल में अल्पसंख्यकों ने कानून और अपराध से जुड़ी 2,059 शिकायतें दर्ज कराईं. इसके बाद जमीन और जमीन विवाद से जुड़े 1,031 मामले और पुलिस अधिकारियों के खिलाफ 987 शिकायतें आयोग तक पहुंचीं. वहीं, नौकरी और सेवा से जुड़े 475, शिक्षा से जुड़े 355 और वक्फ से जुड़े 54 मामले दर्ज किए गए.

किस समुदाय से कितनी शिकायतें?
समुदाय के हिसाब से देखें तो इन 5 सालो में मुस्लिम समुदाय की ओर से सबसे ज्यादा 6,145 शिकायतें दर्ज की गईं. इसके बाद सिख समुदाय से 1,222 और ईसाई समुदाय से 644 शिकायतें मिलीं. जैन, बौद्ध और पारसी समुदायों ने भी अपनी समस्याओं को लेकर आयोग का दरवाजा खटखटाया.

यूपी से सबसे ज्यादा शिकायतें
राज्यों में उत्तर प्रदेश से सबसे ज्यादा शिकायतें दर्ज हुईं. इसके बाद दिल्ली, महाराष्ट्र, बिहार और हरियाणा का नंबर रहा. एक साल में सबसे ज्यादा शिकायतें 2022-23 में 2,423 दर्ज की गई थीं.
केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने बताया कि राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग अधिनियम, 1992 में शिकायतों के निपटारे के लिए कोई तय समय सीमा नहीं है. हालांकि, आयोग जल्द से जल्द मामलों को सुलझाने की कोशिश करता है. वहीं, सरकार ने यह भी बताया कि हाल के वर्षों में अल्पसंख्यकों के खिलाफ हेट स्पीच या हमलों में बढ़ोतरी को लेकर NCM ने कोई अध्ययन नहीं किया है. आंकड़े बताते हैं कि अल्पसंख्यक समुदायों की सबसे बड़ी चिंताएं कानून-व्यवस्था, जमीन और पुलिस से जुड़ी हैं. शिक्षा और रोजगार से संबंधित शिकायतें भी आयोग तक पहुंच रही हैं.
यह भी पढ़ें: पेपर लीक से री-एग्जाम तक, 3 साल में NTA क्यों नहीं संभल पाई, क्या अब संस्था को भंग करने की जरूरत है?
TV9 Bharatvarsh
टीवी9 भारतवर्ष डिजिटल TV9 नेटवर्क का प्रमुख हिंदी न्यूज़ प्लेटफॉर्म है. इस वेबसाइट पर देश-विदेश की ताज़ा खबरें, ब्रेकिंग न्यूज़, विश्लेषण और ग्राउंड रिपोर्टिंग से पाठकों को रूबरू कराया जाता है. टीवी9 की वेबसाइट tv9hindi.com प्रमुख हिंदी वेबसाइटों में अपना स्थान रखती है. टीवी9 हिंदी का अपना मोबाइल ऐप भी है, जहां टेक्स्ट और वीडियो दोनों माध्यम से खबरें पढ़ीं और देखी जा सकती हैं. टीवी9 वेबसाइट पर राजनीति, अर्थव्यवस्था, खेल, मनोरंजन, स्वास्थ्य, टेक और अंतरराष्ट्रीय मामलों जैसी विविध श्रेणियों में खबरें कवर की जाती हैं. यहां एक्सप्लेनर्स, एक्सक्लूसिव स्टोरीज, वीडियो रिपोर्ट्स और लाइव अपडेट्स मिलते हैं. TV9 नेटवर्क का डिजिटल सेगमेंट तेजी से बढ़ा है और मिलियंस की संख्या में यूनिक यूजर्स तक पहुंचता है.
Read More