भारतीय शेयर बाजार में सोमवार 17 अगस्त को कारोबार शुरू होने से पहले कई कंपनियों से जुड़ी अहम खबरें निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती हैं। इनमें रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries), वोल्टास (Voltas), पतंजलि फूड्स (Patanjali Foods), NMDC, कोचिन शिपयार्ड (Cochin Shipyard), आयशर मोटर्स (Eicher Motors), इंडसइंड बैंक और जैगल प्रीपेड ओशियन सर्विसेज (Zaggle Prepaid Ocean Services) जैसे बड़े नाम शामिल हैं। किसी कंपनी के तिमाही नतीजे मजबूत रहे हैं, तो किसी को नया कारोबार या रणनीतिक साझेदारी मिली है, जबकि कुछ कंपनियों के नतीजे कमजोर रहे हैं या उन्हें नियामकीय कार्रवाई का सामना करना पड़ा है। ऐसे में इन शेयरों में सोमवार को सामान्य बाजार की तुलना में ज्यादा हलचल देखने को मिल सकती है। आइए जरा विस्तार से इसकी डिटेल्स जानते हैं।
रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) सबसे अहम शेयरों में से एक रह सकता है। कंपनी और ब्रिटिश एयरोस्पेस कंपनी रॉल्स-रॉयस (Rolls-Royce) ने शुक्रवार को भारत के (Advanced Medium Combat Aircraft - AMCA) प्रोग्राम के लिए स्वदेशी कॉम्बैट इंजन विकसित करने की रणनीतिक मंशा का ऐलान किया। यह पार्टनरशिप भारत में डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर में स्वदेशी तकनीक तथा इंजन निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। अगर यह परियोजना आगे बढ़ती है, तो रिलांयस (Reliance) के लिए डिफेंस और एयरोस्पेस कारोबार में नए अवसर खुल सकते हैं। यही वजह है कि सोमवार को निवेशकों की नजर इस शेयर पर रह सकती है।
वोल्टॉस (Voltas) के लिए जून तिमाही काफी मजबूत रही। कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 52.2% बढ़कर ₹214 करोड़ हो गया, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में यह ₹140 करोड़ था। कंपनी का रेवेन्यू भी 18.7% बढ़कर ₹4,673.5 करोड़ पहुंच गया, जो एक साल पहले ₹3,938.6 करोड़ था। गर्मी के मौसम में एयर कंडीशनर की डिमांड बढ़ने और कारोबार में सुधार का फायदा कंपनी के प्रदर्शन में दिखाई दिया। मजबूत मुनाफे और बिक्री के आंकड़ों के चलते वोल्टॉस (Voltas) का शेयर भी बाजार में चर्चा में रह सकता है।
पतंजलि फूड्स (Patanjali Foods) ने भी जून तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया। कंपनी का कंसोलिडेटेड मुनाफा सालाना आधार पर 86% बढ़कर ₹335.7 करोड़ हो गया। एक साल पहले यह ₹180.4 करोड़ था। ऑपरेशनल रेवेन्यू करीब 29% बढ़कर ₹11,337.5 करोड़ रहा, जबकि EBITDA में 69% की तेज वृद्धि हुई और यह ₹543.3 करोड़ पहुंच गया। मुनाफे और ऑपरेटिंग प्रदर्शन में मजबूत सुधार कंपनी के शेयर के लिए सकारात्मक संकेत माना जा सकता है।
किटेक्स गारमेंट्स (Kitex Garments) भी सोमवार को फोकस में रह सकता है। कंपनी ने करीब ₹3,000 करोड़ तक जुटाने के लिए QIP (Qualified Institutional Placement) का रास्ता साफ किया है। बोर्ड ने शुक्रवार 14 अगस्त को फंड जुटाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इतनी बड़ी पूंजी जुटाने की योजना कंपनी के विस्तार और भविष्य की कारोबारी जरूरतों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि, निवेशकों को यह भी देखना होगा कि QIP से जुटाई गई रकम का इस्तेमाल किस तरह किया जाता है और इससे मौजूदा शेयरधारकों पर संभावित डायल्यूजन का क्या असर पड़ता है।
NMDC ने भी जून 2026 तिमाही में हल्की बढ़त दर्ज की। सरकारी स्वामित्व वाली आयरन-ओर कंपनी का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट (standalone net profit) सालाना आधार पर करीब 2% बढ़कर ₹2,007 करोड़ रहा, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह ₹1,969 करोड़ था। कंपनी का मुनाफा बाजार के ₹1,989 करोड़ के अनुमान से भी थोड़ा अधिक रहा। इसलिए सोमवार को NMDC के शेयर में तिमाही नतीजों की प्रतिक्रिया देखने को मिल सकती है।
दूसरी ओर कोचिन शिपयार्ड (Cochin Shipyard) के नतीजे कमजोर रहे। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट (consolidated net profit) 27.7% घटकर ₹135.8 करोड़ रह गया, जबकि एक साल पहले यह ₹187.9 करोड़ था। इसी दौरान ऑपरेशंस से रेवेन्यू भी करीब 6.9% घटकर ₹910 करोड़ रहा। ऐसे में डिफेंस और शिपबिल्डिंग सेक्टर में मजबूत संभावनाओं के बावजूद कंपनी के ताजा वित्तीय प्रदर्शन पर निवेशकों की नजर रहेगी।
श्नाइडर इलेक्ट्रिक इंफ्रास्ट्रक्चर (Schneider Electric Infrastructure) का जून तिमाही प्रदर्शन भी मिक्स रहा। कंपनी का रेवेन्यू करीब 4.78% बढ़कर ₹651.36 करोड़ हुआ, लेकिन PAT attributable to owners करीब 69.84% गिरकर ₹12.44 करोड़ रह गया, यानी बिक्री में वृद्धि के बावजूद मुनाफे पर दबाव देखने को मिला। सोमवार को शेयर में इसी अंतर का असर देखने को मिल सकता है।
आयशर मोटर्स (Eicher Motors) भी चर्चा में रहेगा। हालांकि, इसकी वजह तिमाही नतीजे नहीं बल्कि रॉयल एनफील्ड (Royal Enfield) का नया प्रोडक्ट अपडेट है। कंपनी ने भारत में अपडेटेड कॉन्टिनेंट GT 650 लॉन्च की है। बाइक को नए स्टाइलिंग और सुविधा संबंधी बदलावों के साथ पेश किया गया है। इसकी शुरुआती कीमत ₹3,58,427 एक्स-शोरूम रखी गई है और यह 4 कलर ऑप्शन में उपलब्ध है। रॉयल एनफील्ड (Royal Enfield) की बिक्री और नए मॉडल कंपनी के ऑटो कारोबार के लिए महत्वपूर्ण हैं।
टर्टलमिंट फिनटेक सॉल्यूशंस (Turtlemint Fintech Solutions) का प्रदर्शन भी निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य है। कंपनी ने जून तिमाही में ₹38 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट लॉस दर्ज किया, जो एक साल पहले के ₹47 करोड़ के नुकसान से कम है, यानी घाटा घटा है। वहीं, कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू 40% बढ़कर ₹294 करोड़ हो गया। यह आंकड़ा कारोबार की तेज वृद्धि दिखाता है, हालांकि कंपनी अभी भी घाटे में है।
इंडसइंड बैंक (IndusInd Bank) को लेकर भी खबर महत्वपूर्ण है। भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंक पर कुछ नियामकीय प्रावधानों का पालन नहीं करने के मामले में ₹59.20 लाख का मौद्रिक जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई ‘जमा राशि पर ब्याज दर’ और मानक परिसंपत्तियों का प्रतिभूतिकरण (Securitisation of Standard Assets) से जुड़े RBI निर्देशों के अनुपालन से संबंधित है। जुर्माने की राशि बैंक के आकार की तुलना में छोटी है, लेकिन सोमवार को शेयर में सेंटीमेंट पर इसका असर देखा जा सकता है।
अंत में जैगल प्रीपेड ओशन सर्विसेज (Zaggle Prepaid Ocean Services) के निवेशकों के लिए तिमाही नतीजे मिक्स संकेत लेकर आए। कंपनी का जून तिमाही नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 33% घटकर ₹17.5 करोड़ रह गया, जबकि पिछले साल यह ₹26.1 करोड़ था। हालांकि, ऑपरेशनल रेवेन्यू 27.5% बढ़कर ₹423.3 करोड़ हो गया, यानी कंपनी का कारोबार तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन मुनाफे में गिरावट चिंता का विषय बनी हुई है।