जमुई छेड़खानी कांड पर बोले JDU नेता, 'छिटपुट घटना घटती है…', विपक्ष ने साधा निशाना

Published on 21 सित॰ 2026

PATNA:सोशल मीडिया पर छात्रा से छेड़खानी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो बिहार के जमुई जिले का बताया जा रहा है। इस वीडियो ने महिला सुरक्षा और बिहार की कानून व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। वही नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाईटेड के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा के बयान के सामने आने के बाद विपक्ष ने पलटवार किया है। 

जमुई में छात्रा के साथ छेड़खानी किये जाने की घटना के संबंध में जब जेडीयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा से सवाल किया गया तब उन्होंने कहा कि छिटपुट घटना घटती है तब सरकार संवेदनशील है। लेकिन वो समय देखिये 2005 के पहले का कैसा बिहार था? 

उमेश कुशवाहा ने आगे कहा कि बिहार में कोई घटना घटती है तब यहां की सरकार उसे लेक संवेदनशील है, आरजेडी के शासनकाल को याद कीजिए, 2005 के पहले के समय की क्या स्थिति थी? 

उन्होंने कहा कि उस समय कोई घर से बाहर तक नहीं निकलता था। क्या हालत था सब जानता है, लोग अपनी जिन्दगी को किसी तरह काट रहे थे। आज जो घटना घटी है उस पर प्रशासन कार्रवाई कर रही है। घटना को अंजाम देने वाला बड़ा से बड़ा कोई अपराधी क्यों नहीं हो वो जल्द ही पुलिस के कब्जे में आएगा। 

वही बिहार विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एनडीए नेताओं के बयान पर पलटवार किया है। तेजस्वी यादव ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बिहार को बीजेपी-एनडीए ने शर्मसार किया है। सब शर्मिंदा है। जमुई कांड पर सरकार के लोग निम्नस्तरीय बयान दे रहे है। जब जमुई कांड हुआ तब सम्राट चौधरी जातीय सम्मेलन कर रहे थे। बिहार में अराजक स्थिति उत्पन्न हो चुकी है। बिहार में अब कहीं भी, कभी भी, कोई भी छात्रा और महिला सुरक्षित नहीं है। गुंडे अपराधी अब दिन दहाड़े स्कूलों, कॉलेज और घरों में घुसकर अपराध कर रहे है।

महिलाओं को 10 हज़ार रूपया नगद देकर और चुनाव बाद दो लाख ₹ ओर देने का वादा करने वाले प्रधानमंत्री ऐसी घटनाओं पर मौनी बाबा बन चुके है। एनडीए सरकार में महिलाओं, छात्रों, गरीबों और दलितों पर अत्याचार में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है। बिहार का खजाना लुटाकर तथा महिलाओं को 2 लाख रुपए देने का लालच देकर श्री नीतीश कुमार तो चार महीने में ही अपना झोला-झंडा उठाकर चल दिए। 

विधानसभा चुनाव के अंतिम 35 दिनों में बिहार के खजाने से ही एक बीमार मुख्यमंत्री से 41 हज़ार करोड़ रुपए बंटवाकर तथा तंत्र व यंत्र से विजय हासिल कर घमंड में डूबे बीजेपी के दो शीर्ष नेता नौसिखिए हाथों में बिहार की बागडोर देकर, पता नहीं बिहार से किस जुर्म का बदला ले रहे है? बिहार के इस हालात के अकेले ज़िम्मेवार प्रधानमंत्री श्रीमान @narendramodi जी हैं। भाजपा और उनकी पिछलग्गु पार्टियों को ऐसी घटनाओं पर शर्म भी नहीं आती।