IFS के बंगले के गार्डन में पहुंचा तेंदुआ: पिंजरे में कैद होने के बाद जंगल में छोड़ा, कई दिनों से था मूवमेंट - Jaipur News

Published on 19 सित॰ 2026

जयपुर में जवाहर नगर स्थित फॉरेस्ट ऑफिसर्स कॉलोनी के आसपास कई दिनों से घूम रही मादा लेपर्ड आखिरकार शनिवार को वन विभाग के पिंजरे में कैद हो गई। रेस्क्यू के बाद वन्यजीव पशु चिकित्सकों ने उसका मेडिकल परीक्षण किया और स्वस्थ पाए जाने पर मादा लेपर्ड को सुरक

.

एसीएफ जितेंद्र सिंह शेखावत के अनुसार, जवाहर नगर स्थित फॉरेस्ट कॉलोनी में करीब तीन सप्ताह से मादा लेपर्ड का लगातार मूवमेंट देखा जा रहा था। लेपर्ड कभी अधिकारियों के बंगलों के आसपास तो कभी कॉलोनी के अन्य हिस्सों में नजर आ रही थी।

मादा लेपर्ड फॉरेस्ट कॉलोनी में स्थित PCCF HoFF अरिजीत बनर्जी के बंगले के गार्डन तक भी पहुंच गई थी। इसके बाद क्षेत्र में रहने वाले वन अधिकारियों और आसपास के लोगों में चिंता बढ़ गई थी।

बताया जा रहा है कि मादा लेपर्ड फॉरेस्ट कॉलोनी में स्थित PCCF HoFF अरिजीत बनर्जी के बंगले के गार्डन तक भी पहुंच गई थी।

बताया जा रहा है कि मादा लेपर्ड फॉरेस्ट कॉलोनी में स्थित PCCF HoFF अरिजीत बनर्जी के बंगले के गार्डन तक भी पहुंच गई थी।

पिंजरा लगाकर शुरू किया गया रेस्क्यू ऑपरेशन

लेपर्ड के लगातार मूवमेंट को देखते हुए वन विभाग ने क्षेत्र में पिंजरा लगाया। PCCF HoFF अरिजीत बनर्जी (IFS) के निर्देश पर वन विभाग की रेस्क्यू टीम लगातार लेपर्ड की गतिविधियों पर नजर रख रही थी। टीम ने सुरक्षित तरीके से उसे पकड़ने के लिए प्रयास जारी रखे।

शनिवार को आखिरकार मादा लेपर्ड पिंजरे में कैद हो गई। इसके बाद वन विभाग की टीम उसे रेस्क्यू कर आमागढ़ क्षेत्र में लेकर पहुंची।

लेपर्ड के लगातार मूवमेंट को देखते हुए वन विभाग ने क्षेत्र में पिंजरा लगाया। जिसके बाद लेपर्ड को काबू करके पिंजरे में कैद कर जंगल में छोड़ा गया।

लेपर्ड के लगातार मूवमेंट को देखते हुए वन विभाग ने क्षेत्र में पिंजरा लगाया। जिसके बाद लेपर्ड को काबू करके पिंजरे में कैद कर जंगल में छोड़ा गया।

मेडिकल जांच के बाद जंगल में किया रिलीज

रेस्क्यू के बाद वन्यजीव पशु चिकित्सकों की टीम ने मादा लेपर्ड का मेडिकल परीक्षण किया। जांच में स्वस्थ पाए जाने के बाद उसे आमागढ़ जंगल में सुरक्षित रूप से रिलीज कर दिया गया।

वन विभाग के अनुसार, यह मादा लेपर्ड झालाना जंगल की ओर से निकलकर फॉरेस्ट कॉलोनी के आबादी क्षेत्र में पहुंची थी। राहत की बात यह रही कि कॉलोनी में मूवमेंट के दौरान लेपर्ड ने किसी व्यक्ति को नुकसान नहीं पहुंचाया और न ही किसी तरह की जनहानि हुई।

मादा लेपर्ड के रेस्क्यू के बाद फॉरेस्ट कॉलोनी के अधिकारियों और स्थानीय लोगों ने भी राहत की सांस ली।

जांच में स्वस्थ पाए जाने के बाद उसे आमागढ़ जंगल में सुरक्षित रूप से रिलीज कर दिया गया।

जांच में स्वस्थ पाए जाने के बाद उसे आमागढ़ जंगल में सुरक्षित रूप से रिलीज कर दिया गया।

वन विभाग की टीम उसे रेस्क्यू कर आमागढ़ क्षेत्र में लेकर पहुंची।

वन विभाग की टीम उसे रेस्क्यू कर आमागढ़ क्षेत्र में लेकर पहुंची।