Breathlessness: सीढ़ियां चढ़ते ही फूलने लगती है सांस? कमजोर हार्ट समेत इन गंभीर बीमारियों का हो सकता है संकेत
Breathlessness on Stairs: आपकी सीढ़ियां चढ़ने पर सांस फूलती है तो अलर्ट हो जाएं। ये शरीर में गंभीर बीमारियों का संकेत हो सकती है।
सीढ़ियां चढ़ते समय सांस फूलने के कारण।
- Published: 28 Jul 2026, 03:52 PM IST
- Last Updated: 28 Jul 2026, 03:52 PM IST
Breathlessness on Stairs: कुछ सीढ़ियां चढ़ते ही अगर आपकी सांस तेज चलने लगती है या हल्की-सी शारीरिक गतिविधि के बाद भी थकान महसूस होने लगती है, तो इसे सिर्फ बढ़ती उम्र या कमजोरी समझकर नजरअंदाज करना सही नहीं है। कई बार यह शरीर का ऐसा संकेत होता है, जो हार्ट, फेफड़ों या अन्य स्वास्थ्य समस्याओं की ओर इशारा कर सकता है। समय रहते कारण का पता लगाना गंभीर जटिलताओं से बचने में मदद कर सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, अगर बिना अधिक मेहनत किए बार-बार सांस फूलती है, सीने में दर्द, चक्कर, धड़कन तेज होना या पैरों में सूजन जैसी समस्याएं भी साथ में दिखाई दें, तो डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है। आइए जानते हैं कि सीढ़ियां चढ़ते समय सांस फूलना किन बीमारियों का संकेत हो सकता है और किन लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
कमजोर हार्ट या हार्ट फेल्योर का संकेत
सीढ़ियां चढ़ते समय सांस फूलना कमजोर हृदय की कार्यक्षमता का शुरुआती संकेत हो सकता है। जब हृदय शरीर तक पर्याप्त मात्रा में रक्त और ऑक्सीजन नहीं पहुंचा पाता, तो थोड़ी-सी मेहनत में भी सांस तेज चलने लगती है। अगर इसके साथ सीने में दर्द, पैरों में सूजन, अत्यधिक थकान या धड़कन अनियमित महसूस हो, तो तुरंत कार्डियोलॉजिस्ट से जांच करानी चाहिए।
फेफड़ों से जुड़ी बीमारी
अस्थमा, क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज यानी COPD या अन्य फेफड़ों की बीमारियों में भी सीढ़ियां चढ़ने पर सांस फूल सकती है। ऐसे लोगों को अक्सर सीने में जकड़न, खांसी या सांस लेते समय सीटी जैसी आवाज भी महसूस हो सकती है। अगर यह समस्या बार-बार हो रही है, तो पल्मोनरी फंक्शन की जांच कराना फायदेमंद हो सकता है।
एनीमिया (खून की कमी)
शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी होने पर अंगों तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इसका असर यह होता है कि हल्की शारीरिक गतिविधि के दौरान भी व्यक्ति को सांस फूलने, कमजोरी, चक्कर आने और जल्दी थकने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। संतुलित आहार और डॉक्टर की सलाह के अनुसार उपचार से इस स्थिति में सुधार किया जा सकता है।
मोटापा और खराब फिटनेस
अगर शरीर का वजन अधिक है या लंबे समय से शारीरिक गतिविधि नहीं की है, तो सीढ़ियां चढ़ने पर सांस फूलना सामान्य से अधिक महसूस हो सकता है। अतिरिक्त वजन के कारण हृदय और फेफड़ों पर ज्यादा दबाव पड़ता है। नियमित व्यायाम, संतुलित खानपान और धीरे-धीरे फिटनेस बढ़ाने से इस समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
हाई ब्लड प्रेशर या अन्य मेटाबॉलिक समस्याएं
अनियंत्रित हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज या थायरॉयड जैसी स्थितियां भी शरीर की कार्यक्षमता को प्रभावित कर सकती हैं। इन बीमारियों में कई बार सांस फूलना, थकान और कमजोरी जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। इसलिए यदि यह समस्या लगातार बनी हुई है, तो ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर और अन्य जरूरी जांच समय पर कराना जरूरी है।
किन लक्षणों को बिल्कुल नजरअंदाज न करें?
अगर सीढ़ियां चढ़ने के साथ-साथ सीने में दर्द, ठंडा पसीना, चक्कर आना, बेहोशी, धड़कन बहुत तेज होना, होंठ या उंगलियां नीली पड़ना या आराम करने के बाद भी सांस फूलना जैसी परेशानी हो, तो इसे मेडिकल इमरजेंसी माना जा सकता है। ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
(Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई सामग्री सिर्फ जानकारी के लिए है। हरिभूमि इनकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह या सुझाव को अमल में लेने से पहले किसी विशेषज्ञ/डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।)
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लेखक: (कीर्ति)