बिहार में आज गयाजी समेत 4 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, पटना समेत 18 जिलों में आंधी-वज्रपात की आशंका। नदियां खतरे के निशान से ऊपर, बाढ़ का खतरा बढ़ा।
Bihar weather today, 7 August (Ai Image)
- Published: 07 Aug 2026, 11:39 AM IST
- Last Updated: 07 Aug 2026, 11:39 AM IST
Bihar weather Alert: बिहार में मौसम का मिजाज आज भी खराब बना रहेगा। दक्षिण बिहार के चार जिलों के लिए आज भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जिनमें गयाजी भी शामिल है। मानसून की सक्रियता के चलते राजधानी पटना समेत राज्य के 18 जिलों में बारिश के साथ-साथ आंधी और वज्रपात की आशंका जताई गई है।
मौसम विभाग ने आम लोगों को सतर्क रहने और मौसम के दुष्प्रभावों से बचाव करने की सलाह दी है। कल यानी 8 अगस्त, शनिवार को भी मानसून का असर बना रहेगा, जिसमें कुछ इलाकों में तेज तो कुछ जगहों पर हल्की बारिश होने का अनुमान है।
दक्षिण बिहार में मूसलाधार बारिश का अलर्ट
बंगाल की खाड़ी से लगातार आ रही नमी युक्त पुरवा हवाओं के असर से बिहार में बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। इसका सबसे ज्यादा प्रभाव दक्षिण बिहार में देखने को मिलेगा, जहां कई इलाकों में तेज बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने गयाजी, रोहतास, कैमूर और औरंगाबाद में मूसलाधार बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। इन जिलों के कुछ स्थानों पर कम समय में ही तेज बारिश दर्ज हो सकती है, जिससे निचले इलाकों में जलजमाव की स्थिति भी पैदा हो सकती है।
पटना समेत 18 जिलों में आंधी-वज्रपात की चेतावनी
मौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, आज शुक्रवार को राजधानी पटना सहित राज्य के 18 जिलों में मौसम खराब रहने का अनुमान है। इन जिलों में बादल छाए रहेंगे और कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इसके साथ ही 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और गरज-चमक के साथ वज्रपात होने की भी आशंका जताई गई है। मौसम विभाग और आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से एहतियात बरतने की अपील की है। शनिवार को भी मौसम की यह प्रतिकूल स्थिति बनी रहने के आसार हैं।
नदियां उफान पर, बाढ़ का बढ़ा खतरा
उत्तर बिहार और नेपाल में हो रही लगातार बारिश के चलते राज्य पर बाढ़ का खतरा भी मंडराने लगा है। सूबे की कई नदियां इस समय खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। कोसी नदी का जलस्तर बराह क्षेत्र में इस साल के अब तक के सर्वाधिक स्तर पर पहुंच चुका है। इसके अलावा गंडक, बागमती, कोसी, बूढ़ी गंडक और अधवारा समूह की नदियों का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है, जिससे कई जिलों में बाढ़ की आशंका गहरा गई है।
इस स्थिति को देखते हुए जल संसाधन विभाग और जिला प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है। लोगों को नदी किनारे बेवजह आवाजाही से बचने की सलाह दी गई है। मानसून की सक्रियता और लगातार बारिश की आशंकाओं के बीच राज्य में बाढ़ से तबाही का खतरा और अधिक गहराता नजर आ रहा है।