3 भारतीय खिलाड़ी जिनको तुरंत करना चाहिए ODI टीम से बाहर, वरना भूल जाओ वर्ल्ड कप जीतने का सपना

Published on 20 जुल॰ 2026

Time Published: Monday, July 20, 2026, 18:00 [IST]

IND vs ENG: भारत और इंग्लैंड के बीच अंतिम मुकाबले का मजा रोहित शर्मा ने उठाया। उनके बल्ले से आए तूफानी शतक ने धमाल मचा दिया। रोहित शर्मा के एकदिवसीय करियर का यह 34वां शतक था। हालांकि भारतीय टीम को मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा।

टीम इंडिया ने इस सीरीज का पहला मुकाबला जीता था लेकिन बाद में दो मैचों में लगातार हार का सामना करना पड़ा। इंग्लैंड ने 2-1 से सीरीज अपने नाम कर ली। भारतीय टीम वर्ल्ड कप 2027 के लिए तैयार होनी है लेकिन इस टीम में दमखम नहीं है। तीन प्लेयर्स ऐसे हैं, जिनको टीम से बाहर कर देना चाहिए।

IND vs ENG

गुरनूर बराड़

यह मान सकते हैं कि गुरनूर के पास अच्छी गति है और वह विकेट भी ले सकते हैं लेकिन बुरी तरह पिटाई खाने के बाद उस गति और विकेट का कोई अर्थ नहीं रह जाता है। इंग्लैंड में उनके आंकड़े होश उड़ाने वाले हैं। बराड़ को बाहर करने की जरूरत है।

उन्होंने इंग्लैंड में 3 मुकाबले खेलते हुए कुल 4 विकेट अपने नाम किए लेकिन इकोनमी रेट ने होश उड़ा दिए हैं। उन्होंने इन तीन मैचों में कुल 225 रन लुटाए हैं, जो हैरान करने वाली बात है। बराड़ ने करीबन 8 की इकोनमी से रन खर्च किए हैं, जो टी20 वाला हिसाब है।

शिवम दुबे

टी20 के लिए दुबे ठीक हैं लेकिन वनडे क्रिकेट में वह फिट नहीं बैठते हैं। इस सीरीज में वह दो मैचों में खेले थे, बैटिंग करने का मौका एक बार ही मिला। उसमें वह बिना खाता खोले आउट होकर चलते बने। गेंदबाजी में उन्होंने 2 विकेट हासिल किए। हालांकि उनका इकोनमी रेट 5 से नीचे रहा है, फिर फील्डिंग में मात खा जाते हैं। शिवम दुबे की फील्डिंग भी उतनी दमदार नहीं है। ऐसे में उनकी जगह टीम में नहीं होनी चाहिए।

वॉशिंगटन सुंदर

वॉशिंगटन सुंदर ने पहले मुकाबले में खेलते हुए फिफ्टी जड़ी थी। एजबेस्टन में खेले गए इस मैच में उनका बल्ला चला था। टीम ने जीत भी दर्ज की थी। इस मैच में उनको 4 ओवर डालने का मौका मिला लेकिन विकेट नहीं मिला। दूसरे मैच में वह 2 रन बना पार और चोट के कारण गेंदबाजी से बाहर हो गए।

सुंदर पहले भी चोटिल रहे हैं, उनसे टी20 में काम लिया जा सकता है लेकिन एकदिवसीय क्रिकेट में किसी दूसरे खिलाड़ी को आजमाया जा सकता है। कोई प्रॉपर बल्लेबाज टीम में शामिल करना चाहिए। सुंदर की गेंदबाजी में निरंतरता नहीं है और बैटिंग में भी भरोसा नहीं किया जा सकता।