चेन्नई: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) की सबसे सफल फ्रेंचाइजी में शामिल चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने अपने सबसे लंबे और सफल कोचिंग अध्याय का अंत कर दिया है। फ्रेंचाइजी ने सोमवार को आधिकारिक तौर पर घोषणा की कि मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग और टीम ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला किया है। करीब 18 वर्षों तक चले इस सफर में फ्लेमिंग ने चेन्नई को कई ऐतिहासिक सफलताएं दिलाईं और टीम की पहचान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
CSK ने भावुक संदेश के साथ कहा अलविदा
चेन्नई सुपर किंग्स ने सोशल मीडिया मंच X पर जारी संदेश में फ्लेमिंग के योगदान को याद करते हुए लिखा कि दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से अलग होने का निर्णय लिया है। फ्रेंचाइजी ने इसे आईपीएल इतिहास की सबसे सफल और सबसे लंबे समय तक चलने वाली साझेदारियों में से एक बताया और कहा कि फ्लेमिंग की बनाई विरासत आने वाले वर्षों तक टीम को प्रेरित करती रहेगी। टीम ने उनके योगदान के लिए आभार व्यक्त करते हुए उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
OFFICIAL ANNOUNCEMENT
The Super Kings and Head Coach Stephen Fleming have mutually decided to part ways.
Together, we shared one of the most successful and enduring partnerships in IPL history. The legacy you've built will continue to inspire us.With immense respect and… pic.twitter.com/qjvb4oZUuU
— Chennai Super Kings (@ChennaiIPL) July 13, 2026
फ्लेमिंग बोले- CSK हमेशा दिल के करीब रहेगी
विदाई के बाद स्टीफन फ्लेमिंग ने भी भावुक संदेश साझा किया। उन्होंने कहा कि 18 वर्षों का सफर किसी पूरी जिंदगी जैसा महसूस होता है और चेन्नई सुपर किंग्स के साथ बिताया गया समय उनके कोचिंग करियर का सबसे सम्मानजनक दौर रहा। फ्लेमिंग ने कहा कि टीम के साथ उन्होंने कई यादगार जीत हासिल कीं, कठिन दौर का सामना किया और ऐसी यादें बनाई जो हमेशा उनके साथ रहेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि CSK हमेशा उनके दिल के करीब रहेगी और वह भविष्य में भी टीम का समर्थन करते रहेंगे।
खिलाड़ी से बने सफल कोच
न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान स्टीफन फ्लेमिंग 2008 में आईपीएल के पहले सीजन में चेन्नई सुपर किंग्स से खिलाड़ी के रूप में जुड़े थे। अगले ही वर्ष उन्होंने मुख्य कोच की जिम्मेदारी संभाली और 2010 में टीम को पहला आईपीएल खिताब दिलाया। इसके बाद फ्लेमिंग और कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की जोड़ी ने चेन्नई सुपर किंग्स को आईपीएल की सबसे सफल टीमों में शामिल कर दिया। शांत स्वभाव, स्पष्ट रणनीति और खिलाड़ियों पर भरोसा उनकी कोचिंग की सबसे बड़ी पहचान रही।
हालिया प्रदर्शन के बाद बदलाव का फैसला
हालांकि पिछले कुछ सीजन में चेन्नई सुपर किंग्स का प्रदर्शन उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा। टीम ने 2023 में अपना आखिरी आईपीएल खिताब जीता था, लेकिन इसके बाद लगातार गिरावट देखने को मिली। 2024 में टीम पांचवें स्थान पर रही, 2025 में अंक तालिका में सबसे नीचे पहुंच गई और 2026 सीजन में आठवें स्थान पर रहते हुए प्लेऑफ की दौड़ से बाहर हो गई। लगातार निराशाजनक प्रदर्शन के बाद फ्रेंचाइजी ने नए दौर की शुरुआत करने का फैसला किया। टीम के अनुसार, यह निर्णय दोनों पक्षों के बीच सकारात्मक और खुली बातचीत के बाद लिया गया।
हेमांग बदानी सबसे बड़े दावेदार
फ्लेमिंग के जाने के बाद अब नए मुख्य कोच को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, भारत के पूर्व क्रिकेटर हेमांग बदानी इस पद की दौड़ में सबसे आगे हैं। दिलचस्प बात यह है कि बदानी 2009 में चेन्नई सुपर किंग्स की टीम का हिस्सा रह चुके हैं, लेकिन उन्हें एक भी मैच खेलने का अवसर नहीं मिला था। अब वही पूर्व खिलाड़ी फ्रेंचाइजी के मुख्य कोच बनने के सबसे प्रबल दावेदार बताए जा रहे हैं।
कोचिंग में शानदार रिकॉर्ड
हेमांग बदानी ने पिछले कुछ वर्षों में कोच के रूप में प्रभावशाली प्रदर्शन किया है। उन्होंने दिल्ली कैपिटल्स के साथ आईपीएल में कोचिंग स्टाफ का हिस्सा रहते हुए काम किया है। इसके अलावा तमिलनाडु प्रीमियर लीग (TNPL) में कई खिताब जीतने वाली टीमों के साथ जुड़े रहे हैं। लंका प्रीमियर लीग, SA20 और ILT20 जैसी टी-20 लीगों में भी उनकी कोचिंग को सफलता मिली है। इसी अनुभव के कारण उन्हें फ्लेमिंग के उत्तराधिकारी के रूप में मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
नए कोच का इंतजार
फिलहाल चेन्नई सुपर किंग्स ने नए मुख्य कोच के नाम की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। साथ ही यह भी स्पष्ट नहीं किया गया है कि स्टीफन फ्लेमिंग अमेरिका की मेजर लीग क्रिकेट (टेक्सास सुपर किंग्स) और दक्षिण अफ्रीका की SA20 लीग (जोहान्सबर्ग सुपर किंग्स) में अपनी कोचिंग भूमिका जारी रखेंगे या नहीं। अब क्रिकेट प्रशंसकों की नजर CSK के अगले फैसले पर है। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या फ्रेंचाइजी हेमांग बदानी पर भरोसा जताती है या किसी अन्य अनुभवी कोच को टीम की नई जिम्मेदारी सौंपती है।