Aug 08, 2026 11:34 am ISTलाइव हिन्दुस्तान
मुख्य बातें
- Electricals IPO: जीवी इलेक्ट्रिकल्स आईपीओ को 169 गुना से अधिक सब्सक्राइब किया गया है
- ग्रे मार्केट में भी कंपनी की स्थिति अच्छी है

G.V. Electricals IPO पर निवेशकों ने जमकर दांव लगाया है।
G.V. Electricals IPO: जी वी इलेक्ट्रिकल्स आईपीओ पर निवेशकों की तरफ से जमकर पैसा खर्च किया गया है। आईपीओ को 169 गुना से अधिक सब्सक्राइब किया गया। बता दें, ग्रे मार्केट आज शनिवार को 20 प्रतिशत के लिस्टिंग गेन दिखा रहा है।
रिटेल कैटगरी में आईपीओ को 168 गुना सब्सक्राइब किया गया था। वहीं, क्यूआईबी सेक्शन में यह 91.55 गुना और एनआईआई कैटगरी में 272 गुना सब्सक्रिप्शन मिला है।
कितना चल रहा है जीएमपी (G.V. Electricals IPO GMP Today)
ग्रे मार्केट में कंपनी का आईपीओ आज 26 रुपये के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। इनवेस्टर्स गेन की रिपोर्ट के अनुसार आज के जीएमपी के हिसाब से 20 प्रतिशत का लिस्टिंग गेन निवेशकों को हो सकता है। बता दें, आईपीओ का सबसे कम जीएमपी 18 रुपये रहा है।
कंपनी के आईपीओ का प्राइस बैंड 130 रुपये था। निवेशकों को कम से कम 2000 शेयरों पर एक साथ दांव लगाना था। जिसकी वजह से मिनिमम इनवेस्टमेंट 260000 रुपये का था। बता दें, आईपीओ की लिस्टिंग बीएसई एसएमई में होगी। यह लिस्टिंग 12 अगस्त को प्रस्तावि है।
31 जुलाई को खुल था आईपीओ (G.V. Electricals IPO details)
जीवी इलेक्ट्रिकल्स आईपीओ रिटेल निवेशकों के लिए 31 जुलाई को खुला था। निवेशकों के पास 7 अगस्त तक का मौका था। इस कंपनी के आईपीओ का साइज 42.25 करोड़ रुपये था। आईपीओ के जरिए कंपनी ने 39 करोड़ रुपये के फ्रेश शेयर और 0.03 लाख शेयर ऑफर फार सेल के जरिए जारी किया है। बता दें, कंपनी का आईपीओ का एंकर निवेशकों के लिए 30 जुलाई को ओपन हुआ था। एंकर इनवेस्टर्स से कंपनी ने 11.54 करोड़ रुपये जुटाए हैं।
एंकर निवेशकों को जोरी 50 प्रतिशत शेयरों का लॉक इन पीरियड महज 30 दिन का ही है।
क्या करती है कंपनी
जीवी इलेक्ट्रिकल्स की शुरुआत 1985 में हुई थी। यह एक पावर डिस्ट्रीब्यूशनल इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विस प्रवाइडर है। कंपनी ऑपरेशन्स, मेंटेनेंस और सपोर्ट सर्विस का काम करती है। मौजूदा समय में कंपनी नेटवर्क ऑपरेशन्स और मेंटनेंस, इलेक्ट्रिकल इंफ्रास्ट्रक्चर एंड नेटवर्क डेवलपमेंट का काम करती है। इसके अलावा मीटरिंग और मीटर मैनेजमेंट का काम भी देखती है।
आईपीओ से जुटाए पैसों का क्या होगा?
आईपीओ से जुटाए 6 करोड़ रुपये का उपयोग कंपनी मौजूदा कर्ज को चुकाने के लिए करेगी। वहीं, वर्किंग कैपिटल में 22 करोड़ रुपये का उपयोग होगा।
(यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।)
लेखक के बारे में
Tarun Pratap Singh
तरुण प्रताप सिंह, लाइव हिन्दुस्तान के साथ अक्टूबर 2020 से कार्यरत हैं। मौजूदा समय में बिजनेस टीम का हिस्सा हैं। लाइव हिन्दुस्तान के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबर पर लिखने के साथ-साथ आईपीओ पर वीडियो इंटरव्यू की भी जिम्मेदारी सम्भालते हैं। लाइव हिन्दुस्तान की वीडियो टीम के लिए 2022 में उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में टीम लीड करते हुए 200 विधानसभा सीट में ग्राउंड रिपोर्टिंग, इंटरव्यू और स्पेशल स्टोरीज कर चुके हैं। श्री राम जन्मभूमि प्राण प्रतिष्ठा समारोह, 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान भी उत्तर प्रदेश में ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव है। साल 2025 में प्रयागराज में सम्पन्न हुए महाकुंभ में 40 दिन से अधिक दिन तक कुंभ नगरी में रहकर अनेकों वीडियो इंटरव्यू और स्पेशल स्टोरिज किए थे।
शिक्षा
बी.ए (ऑनर्स) और एम.ए की पढ़ाई काशी हिन्दू विश्वविद्यालय वाराणसी से पूरा किया है। भारतीय जनसंचार संस्थान, नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है।
अनुभव -
HT का हिस्सा बनने से पहले स्वतंत्र तौर पर 2019 में लोकसभा चुनाव, 2019 में हरियाणा विधानसभा, 2020 दिल्ली विधानसभा चुनाव और 2020 में दिल्ली दंगा की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव प्राप्त है। श्री राम मंदिर भूमि पूजन (साल 2020) के दौरान भी बतौर स्वतंत्र पत्रकार अपनी सेवाएं दिए हैं।
दैनिक जागरण के एक स्पेशल कार्यक्रम के तहत वाराणसी में दो अलग-अलग साल में 100-100 बच्चों को संसदीय कार्यप्रणाली की 15 दिनों की ट्रेनिंग भी देने का अनुभव प्राप्त है।
विशेषताएं -
वीडियो रिपोर्टिंग में दक्षता हासिल है। कई इंटरव्यू और ग्राउंड ओपनियन वीडियो नेशनल लेवल पर विमर्श का केंद्र बने हैं। बिजनेस और राजनीति के अलावा क्रिकेट, धर्म और साहित्य पर लिखना-पढ़ना पसंद है।
