
नौकरी ढूंढ़ने का आसान तरीका
एक वीडियो ने इस समय इंटरनेट पर नौकरी और बेरोजगारी को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है. हम सभी देखते हैं कि आज के युवाओं के पास डिग्री है, स्किल भी है, लेकिन फिर भी कई लोग सालों-साल नौकरी के लिए भटकते रहते हैं. इसी मुद्दे पर एक शख्स ने अपनी बात बेबाकी से रखी है और उसका वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है.
ये वीडियो इंस्टाग्राम पर @vishu_fit_08 नाम के हैंडल से शेयर किया गया है. वीडियो में बात करने वाले शख्स का नाम विशेष सिंह बताया जा रहा है. उन्होंने अपने खुद के एक्सपीरियंस से बताया कि आखिर डिग्री होने के बाद भी लोगों को जॉब क्यों नहीं मिल पाती और नौकरी पाने का सबसे प्रैक्टिकल तरीका क्या है. वीडियो देखकर हजारों युवा खुद को इससे कनेक्ट कर रहे हैं. कमेंट सेक्शन में बहुत से लोगों ने लिखा है कि जो बात विशेष कह रहे हैं, वो 100% सच है.
क्या है इसके पीछे की वजह
बंदे का मानना है कि नौकरी न मिलने के पीछे सबसे बड़ी वजह आपका रिज्यूमे या आपकी डिग्री नहीं, बल्कि आपका आत्मविश्वास है. वीडियो में वो कहते हैं कि देखिए, जिन लोगों में कॉर्पोरेट को लेकर कॉन्फिडेंस की कमी होती है, उन्हें जॉब ढूंढने में असल में कोई दिक्कत नहीं होती. दिक्कत उन लोगों को होती है जो आकर मुझसे कहते हैं कि भाई डेढ़ साल हो गया, एक साल हो गया, पांच साल हो गए, नौकरी नहीं मिल रही, ये नहीं हो रहा, वो नहीं हो रहा… उनमें जॉब ढूंढने का ही कॉन्फिडेंस नहीं होता.”
उनकी बात का सीधा मतलब ये है कि अगर आप मन में ही हार मान चुके हैं, अगर आप खुद ही सोच रहे हैं कि मेरा सिलेक्शन नहीं होगा, तो आप पूरी शिद्दत से अप्लाई भी नहीं करेंगे. और जब आप दिल से कोशिश ही नहीं करोगे तो रिजल्ट कहां से आएगा? विशेष ने सिर्फ समस्या ही नहीं बताई, बल्कि उसका एक सीधा समाधान भी दिया है. और उनका समाधान सुनकर बहुत से लोग चौंक भी रहे हैं.
उन्होंने कहा नौकरी तभी मिलती है जब आप रोज बिना नागा किए कम से कम 40 से 50 कंपनियों में अप्लाई करते हो. अगर आप ये लगातार करते हो, तो 10 से 15 दिन के अंदर आपको जॉब मिल सकती है. आजकल ज्यादातर लोग क्या करते हैं? दिन में 2-3 जगह अप्लाई किया, फिर दो दिन इंतजार किया, फिर किसी ने रिप्लाई नहीं दिया तो डिमोटिवेट हो गए. विशेष कहते हैं कि ये तरीका कभी काम नहीं करेगा. कॉर्पोरेट की दुनिया एक नंबर गेम है. आप जितनी ज्यादा जगह ट्राई करोगे, आपके चांसेज उतने ही बढ़ेंगे.
यह भी पढ़ें: OMG! जेल में चल रहा था बिल्ली के जरिए ड्रग्स तस्करी का खेल, एक शक ने तस्करों की चाल को किया नाकाम
उन्होंने अपना पर्सनल एक्सपीरियंस भी शेयर किया. वो कहते हैं, “ऐसा नहीं है कि मैं बहुत लकी था. मैंने भी यही किया है. मैं रोज़ 40-50 कंपनियों में अप्लाई करता था और 10-15 दिन में मेरी जॉब पक्की हो जाती थी. मेरे पास कोई एक्स्ट्रा टैलेंट नहीं है, बस एक ही टैलेंट है – खुद पर भरोसा कि मुझे जॉब मिल ही जाएगी.”
यहां देखिए वीडियो
बंदे ने बताया लोगों के सालों तक बेरोजगार रहने का कारण pic.twitter.com/J853MiCbeL
— Viral Beast (@kumarayush084) July 25, 2026

आयुष कुमार
आयुष कुमार, टीवी9 डिजिटल में सीनियर सब एडिटर हैं. अशोक और चाणक्य की धरती बिहार से हैं. दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की तालीम हासिल की है. पत्रकारिता में तीन साल से तिल को बिना ताड़ बनाए किसी भी सोशल मुद्दे को 360 डिग्री समझाने की कोशिश करते हैं.<p></p> अमर उजाला, फिरकी डॉट इन से अपने पत्रकारीय सफर की शुरुआत की है. पाठकों तक सरल शब्दों में खबरें पहुंचाना उद्देश्य रहा है. लेखन की इस दुनिया में दिलचस्पी इसलिए बढ़ गई, क्योंकि बचपन से ही काफी ज्यादा बातूनी रहे हैं. <p></p>फिलहाल, टीवी9 में फीचर राइटिंग करते हुए सोशल मीडिया की नब्ज पकड़ने में माहिर हो गए है. अजीबोगरीब खबरों को गजब तरीके से लिखकर आप सबके सामने पेश करते हैं.
Read More