मधेपुरा जिले में गैर-संचारी रोगों (NCD) की शुरुआती पहचान और समय पर उपचार के लिए 1 सितंबर से एक विशेष अभियान शुरू किया जाएगा।
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इस कैंपेन के दौरान लोगों की स्क्रीनिंग कर संभावित मरीजों को चिन्हित किया जाएगा।
आवश्यकतानुसार उनकी जांच, उपचार और उच्च स्वास्थ्य केंद्रों पर रेफरल की व्यवस्था होगी, साथ ही चिन्हित मरीजों का नियमित फॉलोअप भी सुनिश्चित किया जाएगा।
शनिवार को कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी अभिषेक रंजन की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक हुई। इसमें एनसीडी कैंपेन की तैयारियों का जायजा लिया गया।


सिलेक्टेड पेशेंट का रेगुलर फॉलोअप
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को अभियान के निर्धारित लक्ष्यों को शत-प्रतिशत पूरा करने और स्क्रीनिंग के बाद मरीजों के उपचार व फॉलोअप पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया।
एनसीडी कैंपेन का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना और गैर-संचारी रोगों की समय रहते पहचान करना है।
स्क्रीनिंग के दौरान संभावित मरीजों को चिन्हित कर आवश्यक जांच कराई जाएगी। बीमारी की पुष्टि होने पर उपचार शुरू होगा, जबकि गंभीर या विशेष उपचार की आवश्यकता वाले मरीजों को उच्च स्वास्थ्य केंद्रों पर रेफर किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि स्क्रीनिंग के बाद मरीजों को केवल जांच तक सीमित न रखा जाए।
अभियानों को प्रभावी तरीके से संचालित करने का निर्देश
चिन्हित मरीजों का नियमित फॉलोअप सुनिश्चित किया जाए, ताकि उन्हें समय पर उचित उपचार मिल सके।
उन्होंने स्वास्थ्यकर्मियों को निर्धारित लक्ष्य के अनुसार समयबद्ध तरीके से कार्य करने का निर्देश दिया। बैठक में एनीमिया मुक्त भारत अभियान की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
एनीमिया की रोकथाम और नियंत्रण के लिए स्क्रीनिंग, आयरन-फोलिक एसिड की उपलब्धता एवं वितरण, उपचार और फॉलोअप को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य विभाग को पात्र लोगों तक आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं और पोषण संबंधी सुविधाएं पहुंचाने को कहा गया।
इसके लिए स्वास्थ्यकर्मियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर अभियानों को प्रभावी तरीके से संचालित करने का निर्देश दिया गया।
एनसीडी कैंपेन जहां गैर-संचारी रोगों की शुरुआती पहचान पर केंद्रित है, वहीं एनीमिया मुक्त भारत अभियान में जांच के साथ आयरन-फोलिक एसिड की उपलब्धता, उपचार और मरीजों के फॉलोअप की भी निगरानी की जाएगी। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के संबंधित अधिकारी मौजूद थे।