Aug 28, 2026 09:03 am ISTलाइव हिन्दुस्तान

टाटा ने अपने पैसेंजर व्हीकल बिजनेस के लिए नई कस्टमर फोकस्ड ग्लोबल ब्रैंड आइडेंटिटी बनाने के लिए TATA.CARS का नाम चुना है। टाटा.कार्स की टैगलाइन 'Nothing's Too Far' है।

टाटा.कार्स
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टाटा मोटर्स (Tata Motors) बदल गया है। अब टाटा मोटर्स को Tata.Cars के नाम से जाना जाएगा। कंपनी ने अपने पैसेंजर व्हीकल बिजनेस के लिए नई कस्टमर फोकस्ड ग्लोबल ब्रैंड आइडेंटिटी बनाने के लिए TATA.CARS का नाम चुना है। टाटा.कार्स की टैगलाइन 'Nothing's Too Far' है। यह बदलाव सिर्फ ऐडवर्टाइजमेंट तक सीमित नहीं रहेगा। यह बदलाव टाटा की डीलरशिप, डिजिटल प्लेटफॉर्म और सर्विस टचपॉइंट्स पर भी दिखाई देगा।
पसंदीदा मॉडल्स पर सीमित समय की शानदार डील
₹ 5.65 - 11.13 लाख
₹ 66.1 - 71.8 लाख
₹ 60.55 - 63.5 लाख
₹ 53 लाख
₹ 12.52 - 23.52 लाख
₹ 67.59 - 74.5 लाख
बदलेगा टाटा डीलरशिप का पूरा लुक
टाटा.कार्स की घोषणा के साथ कंपनी ने अपनी नई डीलरशिप डिजाइन की झलक भी दिखाई है। नई डीलरशिप मौजूदा शोरूम के मुकाबले ज्यादा मॉडर्न और प्रीमियम नजर आती है। इसमें क्लीन एक्सटीरियर डिजाइन, बड़े ग्लास पैनल और टाटा की नई ब्लू थीम का इस्तेमाल किया गया है। खास बात यह है कि नए रिटेल फॉर्मेट में पेट्रोल-डीजल और इलेक्ट्रिक कारों को एक ही जगह शोकेस किया जा सकेगा। यह बदलाव टाटा के मौजूदा प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को देखते हुए काफी अहम है। पंच, नेक्सॉन, कर्व, हैरियर और सफारी जैसे मॉडल्स के जरिए कंपनी अब पहले से ज्यादा प्रीमियम सेगमेंट में मौजूद है। इसके अलावा टाटा भारत में इलेक्ट्रिक कारों की भी बड़ी रेंज ऑफर करती है। ऐसे में नई डीलरशिप का प्रीमियम लुक इन कारों की नई पोजिशनिंग के अनुसार होगा।
टाटा.कार्स नाम क्यों किया गया फाइनल
कंपनी के मुताबिक टाटा.कार्स नाम उस आम बोलचाल से इंस्पायर्ड है जिसमें लोग लंबे समय से टाटा की कारों को सिर्फ टाटा कार कहकर बुलाते हैं। अब टाटा ने इसी पहचान को एक ऑफिशियल कस्टमर-फोकस्ड ब्रैंड के रूप में पेश किया है। टाटा.कार्स के तहत कंपनी की पूरी पैसेंजर व्हीकल रेंज को एक समान पहचान मिलेगी। नई ब्रैंड आइडेंटिटी में Parallel Pathways नाम की विजुअल थीम भी शामिल है, जो Tata के ‘T’ लोगो और सड़क की लाइनों से इंस्पायर्ड है। इसके अलावा Ambition Blue रंग, नया Parallel Display फॉन्ट और नई साउंड आइडेंटिटी भी इसका हिस्सा हैं।
टाटा का लोगो और कंपनी का नाम नहीं बदला
टाटा.कार्स को लेकर सबसे जरूरी बात यह है कि यह टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल लिमिटेड का नाम बदलने वाला कदम नहीं है। कंपनी की लीगल यूनिट का नाम पहले की तरह ही रहेगा और सरकारी, कानूनी, निवेशक तथा रेग्युलेटरी कामकाज में इसी नाम का इस्तेमाल होगा। कारों पर लगा मौजूदा टाटा का एलिप्स लोगो भी नहीं बदलेगा। नेक्सॉन, पंच, कर्व, हैरियर और सफारी जैसे मॉडल्स के नाम भी पहले की तरह बने रहेंगे। टाटा.कार्स इन सभी के ऊपर एक कस्टमर-फेसिंग मास्टर ब्रैंड के रूप में काम करेगा।
ICE और EV दोनों को मिलेगी एक पहचान
टाटा.कार्स के तहत पेट्रोल-डीजल कारों के साथ इलेक्ट्रिक मॉडल्स और फ्यूचर में आने वाले नए मोबिलिटी प्रोडक्ट्स भी शामिल होंगे। कंपनी के मुताबिक, उसके पैसेंजर व्हीकल बिजनेस पर अब 70 लाख से ज्यादा ग्राहकों का भरोसा है। नई पहचान का मकसद ग्राहक के कार खरीदने से लेकर सर्विस और ओनरशिप तक पूरे एक्सपीरियंस को एक जैसा बनाना है। बताते चलें कि टाटा ने अपनी डिजिटल मौजूदगी पर भी नई ब्रैंडिंग शुरू कर दी है।
