अतिरिक्त मुख्य सचिव ने जारी किए आदेश, SE का आठ महीने पहले कर्मचारियों ने दफ्तर में घेराव भी किया था, निलंबन अवधि के दौरान 2016 के तहत निलंबन भत्ता मिलेगा।
हिसार में सिंचाई विभाग के अधिकारियों के तत्काल प्रभाव से निलंबित कर पंचकूला मुख्यालय से जोड़ा।
- Published: 23 Jul 2026, 07:00 PM IST
- Last Updated: 23 Jul 2026, 07:00 PM IST
हरियाणा के सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग में लापरवाही और कार्यप्रणाली को लेकर बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई सामने आई है। राज्य सरकार ने तुरंत प्रभाव से कदम उठाते हुए हिसार मंडल में कार्यरत तीन वरिष्ठ अधिकारियों को निलंबित (सस्पेंड) कर दिया है।
विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS) अनुराग अग्रवाल की ओर से इस संबंध में आधिकारिक निर्देश जारी कर दिए गए हैं। अधिकारियों पर अपने दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन न करने और विभागीय कार्यों में अनदेखी करने के गंभीर आरोप लगे हैं।
सस्पेंड किए गए अधिकारियों के नाम
- विमल कुमार : अधीक्षण अभियंता (SE), सर्कल नंबर-1, हिसार
- विनोद कुमार : कार्यकारी अभियंता (XEN), आदमपुर जल आपूर्ति मंडल
- अक्षय : उपमंडल अधिकारी (SDO), आदमपुर जल आपूर्ति उपमंडल
उल्लेखनीय है कि सस्पेंड किए गए अधीक्षण अभियंता (SE) विमल कुमार का नाम पहले भी विवादों में रहा है। लगभग आठ माह पूर्व विभागीय कर्मचारियों ने विभिन्न मांगों और मुद्दों को लेकर उनके कार्यालय का घेराव किया था।
पंचकूला रहेगा हेडक्वार्टर, नियमों के तहत मिलेगा भत्ता
अतिरिक्त मुख्य सचिव द्वारा जारी आदेशों में यह साफ किया गया है कि सस्पेंशन की अवधि के दौरान इन तीनों अधिकारियों का मुख्यालय (Headquarter) पंचकूला स्थित मुख्य कार्यालय रहेगा। निलंबन अवधि के दौरान वे बिना अनुमति के अपना मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे।
इसके साथ ही, हरियाणा सिविल सेवा (सामान्य) नियमावली, 2016 के नियम संख्या 83 में निहित प्रावधानों के तहत ही तीनों निलंबित अधिकारियों को नियमानुसार निलंबन भत्ता (Suspension Allowance) दिया जाएगा।
प्रशासनिक महकमे में हड़कंप
एक साथ तीन बड़े अधिकारियों SE, XEN और SDO पर हुई इस कड़ी कार्रवाई से सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के साथ-साथ पूरे प्रशासनिक हलके में हड़कंप मच गया है। सरकार की इस सख्ती ने साफ संदेश दे दिया है कि जनहित और विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर बरती गई कोताही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।