भारत-पोलैंड रणनीतिक साझेदारी को नई ऊंचाइयां!
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पोलैंड के प्रधानमंत्री का किया गर्मजोशी से स्वागत
भारत केसाथ सह विकास व सह उत्पादन केलिए पोलैंड कंपनियां आमंत्रित
स्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Thursday 22 October 2026 05:02:14 PM
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नई दिल्ली। पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क केसाथ आज हैदराबाद हाउस दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत-पोलैंड के ऐतिहासिक घनिष्ठ संबंधों का जिक्र करके संयुक्त प्रेस वक्तव्य शुरू किया। उन्होंने पोलैंड के प्रधानमंत्री का भारत में गर्मजोशी से स्वागत किया और याद कियाकि वर्ष 2024 में पोलैंड यात्रा के दौरान उन्होंने उनका और उनके डेलिगेशन का आत्मीय स्वागत किया था, उस दौरान उन्होंने दोनों देशों के संबंधों को रणनीतिक साझेदारी का दर्जा दिया था। नरेंद्र मोदी ने कहाकि इसी मजबूत आधार पर बीते दो वर्ष में हमारी साझेदारी ने तेजगति पकड़ी है और आज प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क केसाथ बैठक में हमने अपनी रणनीतिक साझेदारी को और सुदृढ़ करने केलिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। प्रधानमंत्री ने कहाकि भारत और पोलैंड की मित्रता केवल कूटनीतिक संबंधों पर नहीं, बल्कि मानवता और संवेदना की साझी विरासत पर आधारित है। दोनों नेताओं ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य रखा, पोलैंड आपदा मोचन अवसंरचना गठबंधन, रक्षा उद्योग संवाद की स्थापना और आतंकवाद रोकथाम वार्ता पर सहमति व्यक्त की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उल्लेख कियाकि द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जामनगर और कोल्हापुर के राजपरिवारों ने पोलैंड के हजारों बच्चों और परिवारों को भारत में आश्रय दिया था, आजभी पोलैंड के लोग जाम साहब को बड़े सम्मान से ‘दोब्री महाराजा’ यानी ‘अच्छे महाराजा’ कहते हैं। उन्होंने कहाकि 2022 में यूक्रेन से भारतीय स्टूडेंट्स की सुरक्षित वापसी में सहयोग देकर पोलैंड ने भी मानवता की इसी भावना को आगे बढ़ाया। उन्होंने खुशी व्यक्त कीकि जाम साहब यूथ एक्सचेंज प्रोग्राम के माध्यम से पोलैंड के युवा भारत आ रहे हैं और हमारी ऐतिहासिक मित्रता को नई पीढ़ी तक ले जा रहे हैं। उन्होंने कहाकि आज विश्व अनिश्चितता और बदलाव के दौर से गुजर रहा है, ऐसे समय में भी भारत और पोलैंड दोनों ही ग्रोथ, टेक्नॉलजी और इनोवेशन के महत्वपूर्ण केंद्र के रूपमें उभर रहे हैं। नरेंद्र मोदी ने कहाकि पिछले वर्ष पोलैंड की जीडीपी ने एक ट्रिलियन डॉलर का ऐतिहासिक पड़ाव पार किया, इसके लिए प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क को बहुत बहुत बधाई, वहीं भारत ने भी पिछले क्वार्टर में 7.8 प्रतिशत की शानदार ग्रोथ दर्ज की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहाकि हमारी बढ़ती आर्थिक ताकत ने भारत-पोलैंड साझेदारी केलिए नए अवसर पैदा किए हैं और भारत-यूरोपियन यूनियन मुक्त व्यापार समझौते ने इन अवसरों को और व्यापक बना दिया है। उन्होंने कहाकि इस समझौते के लागू होने पर भारत से पोलैंड को मशीनरी, केमिकल्स, प्लास्टिक्स और इंजीनियरिंग गुड्स के निर्यात के नए अवसर खुलेंगे, रेलवे और मोबिलिटी, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, फूड प्रोसेसिंग और बायो-टेक जैसे क्षेत्रों में हम पोलैंड से नए निवेश आकर्षित करेंगे। नरेंद्र मोदी ने प्रसन्नता व्यक्त कीकि प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क एक बड़े बिज़नेस डेलिगेशन केसाथ भारत आए हैं, हमें विश्वास है कि दोनों देशों की कंपनियां मिलकर विश्व केलिए विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखलाएं विकसित करेंगी और 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने के हमारे साझा लक्ष्य को भी साकार करेंगी। उन्होंने कहाकि आज हमने डिफेंस, स्पेस और न्यूक्लियर एनर्जी में संबंधों को प्रगाढ़ करने पर सहमति बनाई है, इन सभी स्ट्रैटीजिक क्षेत्रों में हम पोलैंड की कम्पनीज़ को भारत केसाथ सह-विकास और सह-उत्पादन करने केलिए आमंत्रित करते हैं।
नरेंद्र मोदी ने कहाकि क्रिटिकल मिनरल्स और कोल गैसिफिकेशन में भी हम पोलैंड की एक्स्पर्टीज़ को साथ लेकर नई साझेदारियां विकसित करेंगे। उन्होंने कहाकि आईटी और साइबर सिक्योरिटी में हमारे संबंध पहले से ही मजबूत हैं, कई भारतीय आईटी कम्पनीज़ पोलैंड में काम कर रही हैं। उन्होंने कहाकि इस सहयोग को आगे बढ़ाते हुए हमने भारत-पोलैंड स्टार्ट-अप ब्रिज स्थापित करने पर सहमति बनाई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने 2024 में स्थापित रणनीतिक साझेदारी को बढ़ावा देते हुए एआई, हरित प्रौद्योगिकियों, महत्वपूर्ण खनिजों और रक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग की नई संभावनाओं पर चर्चा की, साथही व्यापार, निवेश, शिक्षा, संस्कृति और लोगों केबीच आपसी आदान-प्रदान के क्षेत्रों में संबंधों को और गहरा करने पर जोर दिया। दोनों नेता 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने केलिए मिलकर काम करने पर सहमत हुए। उन्होंने भारत-ईयू मुक्त व्यापार समझौते के महत्व को रेखांकित किया, जिससे व्यवसायों और उद्योगों केलिए नए अवसर खुलेंगे और आर्थिक संबंधों को नई गति मिलेगी। दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और वैश्विक घटनाक्रमों पर भी विचार साझा किए। उन्होंने नियमों पर आधारित अंतर्राष्ट्रीय व्यवस्था और संयुक्तराष्ट्र सुरक्षा परिषद सहित वैश्विक संस्थानों में सुधार केप्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहाकि कल्चरल और लोगों से लोगों केबीच संबंध हमारे संबंधों की सबसे बड़ी ताकत हैं। उन्होंने खुशी जताईकि पोलैंड में संस्कृत अध्ययन और भारतीय विद्या की समृद्ध परंपरा है। उन्होंने कहाकि क्राकोव शहर में हमने भारतीय अध्ययन पीठ की स्थापना की है और आज हमने कल्चर, एजुकेशन, स्पोर्ट्स, टुरिज़म में भी सहयोग को और सुदृढ़ करने का निर्णय लिया है। नरेंद्र मोदी ने कहाकि आज हमने क्षेत्रीय और वैश्विक घटनाक्रम पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहाकि भारत और पोलैंड दोनों डेमॉक्रैटिक वैल्यूस और कानून के शासन में विश्वास रखते हैं, हमारा मानना हैकि वैश्विक शासन संस्थान को अधिक सशक्त और प्रभावी बनाने केलिए रिफॉर्म आवश्यक है। नरेंद्र मोदी ने कहाकि यूक्रेन हो या पश्चिमी एशिया, भारत शांति की दिशा में किए गए हर सार्थक प्रयास का समर्थन करता रहेगा। उन्होंने कहाकि हमारे साझा इतिहास में मानवता और संवेदना की गहरी छाप है और हमारे साझा भविष्य में इनोवेशन और टेक्नॉलजी सहयोग की असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त कियाकि प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क की इस भारत यात्रा से भारत-पोलैंड रणनीतिक साझेदारी को नई ऊर्जा और नई ऊंचाई मिलेगी।