ईंधन पर विंडफॉल टैक्स घटा, घरेलू पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर नहीं पड़ा असर

Published on 15 अग॰ 2026

ईंधन पर विंडफॉल टैक्स घटा, घरेलू पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर नहीं पड़ा असर

सरकार द्वारा किए गए ताजा बदलावों के मुताबिक, हवाई जहाज में इस्तेमाल होने वाले ईंधन (एटीएफ) के निर्यात पर लगने वाले विंडफॉल गेन्स टैक्स को 2.5 रुपये प्रति लीटर घटा दिया गया है. इस कटौती के बाद अब यह दर 19.5 रुपये प्रति लीटर हो गई है.

सरकार द्वारा किए गए ताजा बदलावों के मुताबिक, हवाई जहाज में इस्तेमाल होने वाले ईंधन (एटीएफ) के निर्यात पर लगने वाले विंडफॉल गेन्स टैक्स को 2.5 रुपये प्रति लीटर घटा दिया गया है. इस कटौती के बाद अब यह दर 19.5 रुपये प्रति लीटर हो गई है.

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Petrol Diesel ATF Windfall Tax: दुनिया भर में ऊर्जा के मोर्चे पर मची उथल-पुथल के बीच भारत सरकार ने एक अहम फैसला लिया है. सरकार की ओर से फ्यूल निर्यात पर लगने वाले विंडफॉल टैक्स में कटौती की गई है. इस फैसले के तहत एविएशन टर्बाइन फ्यूल (विमानन ईंधन) और पेट्रोल-डीजल के निर्यात पर बड़ी राहत दी गई है. वित्त मंत्रालय ने शुक्रवार देर रात इस संबंध में एक अधिसूचना जारी की, जिसके बाद शनिवार से टैक्स की ये नई दरें लागू हो चुकी हैं.

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विंडफॉल टैक्स में कटौती का पूरा गणित

सरकार द्वारा किए गए ताजा बदलावों के मुताबिक, हवाई जहाज में इस्तेमाल होने वाले ईंधन (एटीएफ) के निर्यात पर लगने वाले विंडफॉल गेन्स टैक्स को 2.5 रुपये प्रति लीटर घटा दिया गया है. इस कटौती के बाद अब यह दर 19.5 रुपये प्रति लीटर हो गई है. डीजल के निर्यात के मोर्चे पर विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क को 24 रुपये प्रति लीटर पर ही बरकरार रखा गया है, लेकिन इसके ऊपर लगने वाले 1.5 रुपये प्रति लीटर के सड़क और बुनियादी ढांचा उपकर (रोड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर सेस) को पूरी तरह से हटाकर शून्य कर दिया गया है. इसके साथ ही, पेट्रोल के निर्यात पर लगने वाले टैक्स को भी खत्म करके शून्य कर दिया गया है.

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घरेलू बाजार में कीमतों पर नहीं पड़ेगा कोई असर

निर्यातकों को मिली इस बड़ी राहत के बावजूद, आम आदमी के लिए घरेलू स्तर पर कोई सीधा बदलाव नहीं किया गया है. सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश के भीतर खपत होने वाले पेट्रोल और डीजल पर लगने वाले उत्पाद शुल्क की मौजूदा दरों में कोई छेड़छाड़ नहीं की गई है. दरअसल, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल, पेट्रोल, डीजल और एटीएफ की कीमतों के आधार पर सरकार हर 15 दिनों में इन टैक्स दरों की समीक्षा करती है और इसी प्रक्रिया के तहत यह नया संशोधन लागू किया गया है.

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देश में ईंधन के मौजूदा दाम और फैसले का कारण

वैश्विक बाजार में भारी उतार-चढ़ाव के बावजूद 15 अगस्त तक देश भर में पेट्रोल और डीजल की कीमतें पूरी तरह से स्थिर बनी हुई हैं. फिलहाल राजधानी दिल्ली में पेट्रोल 102.12 रुपये प्रति लीटर और देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में 111.2 रुपये प्रति लीटर की दर से बिक रहा है. वहीं, देश के ज्यादातर महानगरों में डीजल की कीमत 100 रुपये प्रति लीटर के नीचे ही बनी हुई है. गौरतलब है कि कुछ समय पहले पश्चिम एशिया में उपजे ऊर्जा संकट के कारण सरकार ने विंडफॉल टैक्स में इजाफा किया था. अब वैश्विक हालात में थोड़ा सुधार होने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रिफाइनिंग मार्जिन में हुए बदलावों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने इन शुल्कों में राहत देने का फैसला किया है.

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