LPG Alert: 30 सितंबर तक नहीं किया ये काम, तो ₹1800 महंगा मिलेगा घरेलू गैस सिलेंडर!

Published on 29 सित॰ 2026

LPG New Rules: 30 सितंबर 2026 तक ई-केवाईसी पूरी न होने पर 1 अक्टूबर से घरेलू गैस सिलेंडर पर मिलने वाली सब्सिडी बंद हो सकती है। जानिए नए नियम और वेरिफिकेशन प्रॉसेस…

LPG Rules Changes from 1 October 2026: अगर आपके घर में इंडेन, भारत गैस या एचपी का रसोई गैस सिलेंडर आता है, तो ये खबर आपके काम की है। 1 अक्टूबर 2026 से गैस सिलेंडरों से जुड़े नियम बदल रहे हैं। सरकार गैस सब्सिडी और रीफिलिंग को लेकर सख्त है। अगर आपने 30 सितंबर की रात तक अपनी e-KYC यानी बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन पूरा नहीं कराया, तो अगले महीने से घर का गैस सिलेंडर लेने के लिए बाजार भाव यानी कमर्शियल रेट चुकाना पड़ सकता है।

गैस सिलेंडर 1,800 रुपए महंगा क्यों मिलेगा?

नए नियमों के मुताबिक, 30 सितंबर तक जिन उपभोक्ताओं का बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन नहीं होगा, उन्हें मिलने वाली सरकारी सब्सिडी तुरंत रोक दी जाएगी। इतना ही नहीं, बिना ई-केवाईसी वाले उपभोक्ताओं को 14.2 किलो वाला घरेलू सिलेंडर भी कमर्शियल दरों पर दिया जा सकता है। दिल्ली में 14.2 किलो वाला घरेलू सिलेंडर अभी करीब 942 रुपए का मिलता है। वहीं, 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर का रेट करीब 2,747.50 रुपए है। अगर सब्सिडी हटी और कमर्शियल रेट लागू हुआ, तो आपको एक ही सिलेंडर पर करीब 1,805 रुपए ज्यादा खर्च करने पड़ सकते हैं। मुंबई, कोलकाता और चेन्नई समेत देश के सभी शहरों में ये असर देखने को मिल सकता है।

LPG के किन उपभोक्ताओं पर लागू होगा यह आदेश?

ये नियम सिर्फ प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों के लिए ही नहीं है, बल्कि सामान्य (Non-PMUY) गैस कनेक्शन धारकों के लिए भी उतना ही जरूरी है। सरकार का मकसद घरेलू गैस सिलेंडरों का गलत इस्तेमाल रोकना और सिर्फ जरूरतमंद लोगों तक ही सब्सिडी का लाभ पहुंचाना है। कई बार डेडलाइन बढ़ाए जाने के बाद अब 30 सितंबर को अंतिम मौका माना जा रहा है। जिन लोगों की केवाईसी पहले ही पूरी हो चुकी है, उन्हें परेशान होने की जरूरत नहीं है।

LPG e-KYC कैसे करें?

मोबाइल ऐप से: अपनी गैस कंपनी (Indian Oil, HPCL या BPCL) के आधिकारिक ऐप पर जाएं और आधार फेस-ऑथेंटिकेशन के जरिए खुद ई-केवाईसी करें।

डिलीवरी एजेंट के जरिए: जब सिलेंडर देने वाला हॉकर घर आए, तो उसकी बायोमेट्रिक मशीन या मोबाइल से फिंगरप्रिंट लगाकर प्रक्रिया पूरी करवाएं।

गैस एजेंसी जाकर: अपने नजदीकी गैस वितरक (एजेंसी) के ऑफिस जाकर आधार कार्ड दिखाकर बायोमेट्रिक अंगूठा लगवाएं।

एलपीजी ई-केवाईस न कराने वालों के लिए खास विकल्प

अगर कोई उपभोक्ता बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन नहीं कराना चाहता, तो सरकार ने उसे विकल्प भी दिया है। ऐसे उपभोक्ता कंपनी के पोर्टल, ऐप या व्हाट्सएप चैटबॉट पर जाकर 'नो-बायोमेट्रिक' का विकल्प चुन सकते हैं, हालांकि ऐसा करने पर सब्सिडी का फायदा नहीं मिलेगा।

डिस्क्लेमर: ये आर्टिकल सिर्फ सामान्य जानकारी और जागरूकता के लिए है। एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों, सब्सिडी नियमों, e-KYC) प्रक्रिया और बुकिंग से जुड़े दिशा-निर्देशों में तेल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) और पेट्रोलियम मंत्रालय द्वारा समय-समय पर बदलाव किए जा सकते हैं। किसी भी नियम की पुष्टि के लिए अपनी संबंधित गैस एजेंसी (Indane, HP Gas, Bharat Gas) या आधिकारिक पोर्टल से जरूर संपर्क करें।