हैदराबाद पुलिस ने नेशनल पुलिस एकेडमी के ट्रेनी IPS अधिकारी उदय कृष्ण रेड्डी के खिलाफ यौन उत्पीड़न, मारपीट और डिजिटल उत्पीड़न का मामला दर्ज किया है। ...और पढ़ें

(यह तस्वीर AI से बनाई गई है)

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डिजिटल डेस्क, हैदराबाद। हैदराबाद पुलिस ने शिवरामपल्ल के नेशनल पुलिस एकेडमी (NPA) के एक ट्रेनी IPS अधिकारी के खिलाफ केस दर्ज किया है। ट्रेनी IPS पर अपनी ही एक साथी अधिकारी के साथ यौन उत्पीड़न, मारपीट, डराने-धमकाने और डिजिटल तरीके से परेशान करने का आरोप है।
पुलिस के मुताबिक, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि आरोपी उदय कृष्ण रेड्डी 23 जून से ही उन्हें परेशान कर रहा था। वह उन्हें WhatsApp पर अश्लील मैसेज भेजता था और दूसरे ट्रेनीज के सामने उनके बारे में अपमानजनक बातें कहता था।
प्राइवेट वीडियो बना महिला के पिता को किया सेंड
महिला अधिकारी ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उनकी निजी जिंदगी के बारे में झूठी अफवाहें फैलाईं, बिना किसी आधार के उन पर एक दूसरे ट्रेनी के साथ नाजायज रिश्ते का आरोप लगाया और बार-बार उन पर इस आरोप को मानने का दबाव डाला। महिला का आरोप है कि उनके साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि 8 जुलाई को आरोपी कथित तौर पर उसका मोबाइल फोन अपने कमरे में ले गया, उससे जबरदस्ती पासवर्ड पूछा और उसके पर्सनल मैसेज देखें। ट्रेनी पर यह भी आरोप है कि उसने शिकायत करने वाली महिला की मर्जी के बिना उसका एक प्राइवेट वीडियो चुपके से रिकॉर्ड किया और उसे महिला के पति को भेज दिया, ताकि ब्लैकमेल किया जा सके।
बाल पकड़े, गला घोंटा और फेंकें कंडोम
सबसे गंभीर आरोपों में से एक में, महिला ने पुलिस को बताया कि 9 जुलाई की रात को आरोपी ने उसे गलत तरीके से रोका, जबरदस्ती अपने कमरे में ले गया, उसके बाल पकड़े, गला घोंटने की कोशिश की और उसे जाने से रोकने के लिए उसकी गर्दन पर चाकू रख दिया।
उसने यह भी आरोप लगाया कि घटना के दौरान उसने उस पर कंडोम के तीन पैकेट फेंके। FIR में यह भी कहा गया है कि आरोपी ने उसके साथ छेड़छाड़ की और उसके प्राइवेट पार्ट्स को छूने की कोशिश की। 10 जुलाई को उसने कथित तौर पर फिर से उसके साथ मारपीट की।
कई धाराओं में केस दर्ज
शिकायत के आधार पर, हैदराबाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई धाराओं के तहत FIR नंबर 824/2026 दर्ज की। इसमें मारपीट, आपराधिक धमकी और महिलाओं के खिलाफ अपराध से जुड़े आरोप, साथ ही इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एक्ट, 2008 की संबंधित धाराएं शामिल हैं।