पानीपत जिले के समालखा में CIA-2 पुलिस ने गांव भोड़वाल माजरी निवासी कुलदीप पर जानलेवा हमला करने के 4 आरोपियों को रविवार देर शाम भोड़वाल माजरी रोड से गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान भोड़वाल माजरी निवासी गोविंद, शेखर, संदीप और अंकुश के रूप में हुई है।
.
CIA-2 प्रभारी इंस्पेक्टर विरेंद्र ने बताया कि पूछताछ में चारों आरोपियों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर पुरानी रंजिश के चलते इस वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया है। पुलिस ने सोमवार को चारों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें 5 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया।
रिमांड के दौरान पुलिस आरोपियों से गहनता से पूछताछ करेगी। साथ ही, वारदात में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी और बाइक बरामद करने का प्रयास करेगी। पुलिस फरार साथी आरोपियों के ठिकानों का पता लगाकर उन्हें भी काबू करने की कोशिश करेगी।
रास्ते में रोककर किया हमला
गांव भोड़वाल माजरी निवासी कुलदीप पुत्र पालेराम ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि गांव निवासी भोपाल पुत्र प्यारा ने अपने मकान के आगे गली में अवैध चबूतरा बना रखा था। इससे लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही थी। कुलदीप ने 4-5 माह पहले इसका विरोध जताते हुए शिकायत दी थी।
इसी बात की रंजिश रखते हुए भोपाल, उसके बेटे गोविंद और नीरज तथा राकेश ने कुलदीप के साथ गाली-गलौज की थी और उसे जान से मारने की धमकी दी थी। 30 जुलाई की रात करीब 11:30 बजे कुलदीप गांव के पूर्व सरपंच विजय पाल की बैठक से घर लौट रहा था।
जब वह रास्ते में रकमा के मकान के पास पहुंचा, तो वहां कई बाइकों पर बैठे 4-5 युवकों ने उसका रास्ता रोक लिया। उन्होंने कुलदीप के साथ गाली-गलौज की और उसे धक्का दे दिया। तभी रकमा की बैठक से भोपाल, उसके बेटे गोविंद और नीरज सहित 10-15 अन्य व्यक्ति लाठी-डंडे, लोहे की रॉड और कुल्हाड़ी लेकर बाहर आए और ललकारते हुए उस पर जानलेवा हमला कर दिया।
कुल्हाड़ी और लोहे की रॉड से किए वार
गोविंद ने उसके सिर पर कुल्हाड़ी से वार किया, जिससे वह जमीन पर गिर गया। इसके बाद नीरज ने भी कुल्हाड़ी से हमला किया, जिसे रोकने के प्रयास में उसके हाथ पर गंभीर चोट लगी। भोपाल और अन्य आरोपियों ने लोहे की रॉड व डंडों से उसके हाथ, पैर और शरीर के अन्य हिस्सों पर लगातार वार किए। हमलावर एक ही जगह बार-बार चोट मारते रहे, जिससे उसके हाथ और पैर की हड्डियां टूट गईं।
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि मारपीट के दौरान आरोपियों ने उसकी जेब से मोबाइल फोन छीन लिया ताकि वह किसी को सूचना न दे सके। शोर सुनकर उसका भाई प्रदीप, पूर्व सरपंच विजयपाल और राजेश उर्फ राधा मौके पर पहुंचे। उन्हें आता देख आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए।
परिजनों ने उसको उपचार के लिए संकल्प अस्पताल, पानीपत में भर्ती कराया। आरोपी भोपाल ने अपने बेटे नीरज, गोविंद और राकेश पुत्र रामफल के साथ मिलकर साजिश रचकर जानलेवा हमला किया है। थाना समालखा में कुलदीप की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा के तहत अभियोग दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच व आरोपियों की धरपकड़ शुरू कर दी थी।