मुजफ्फरपुर में 2.435 किलो स्मैक के साथ भाई-बहन गिरफ्तार: 2.10 लाख रुपए कैश और 4 मोबाइल बरामद; मां-भाभी पहले भेजी जा चुकी है जेल - Muzaffarpur News

Published on 2 अक्टू॰ 2026

मुजफ्फरपुर1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

मुजफ्फरपुर में मादक पदार्थों की तस्करी और अपराध नियंत्रण के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत मुजफ्फरपुर पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जिले के गायघाट थाना क्षेत्र स्थित हनुमान नगर गांव में पुलिस टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर अवैध स्मैक के एक बड़े कारोबार का भंडाफोड़ किया है।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से सगे भाई-बहन को धर दबोचा और उनके पास से भारी मात्रा में नशीला पदार्थ, भारी मात्रा में नकद राशि तथा मोबाइल फोन बरामद किए।

गिरफ्तारी के बाद पुलिस हिरासत में भाई बहन।

गिरफ्तारी के बाद पुलिस हिरासत में भाई बहन।

गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई

मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) के निर्देशानुसार जिले भर में नशीले पदार्थों की अवैध बिक्री और तस्करी के खिलाफ सघन अभियान चलाया जा रहा है।

इसी अभियान के क्रम में 1 अक्टूबर को गायघाट थाना पुलिस को यह गुप्त सूचना मिली थी कि हनुमान नगर गांव में बड़े पैमाने पर मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री की जा रही है।

सूचना को बेहद गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम का गठन किया गया और बताए गए ठिकाने पर त्वरित छापेमारी की गई। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई से मौके पर हड़कंप मच गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो लोगों को रंगे हाथों पकड़ लिया।

2015 पुड़ियों में बंद था ढाई किलो के करीब स्मैक

पकड़े गए आरोपियों की पहचान गायघाट थाना क्षेत्र के निवासी शिव शंकर कुमार और उसकी बहन अंशु कुमारी के रूप में की गई है। पुलिस द्वारा जब दोनों की तलाशी ली गई, तो उनके पास से 2,015 छोटी-बड़ी पुड़ियों में पैक किया गया कुल 2.435 किलोग्राम स्मैक बरामद हुआ। बाजार में इस बरामद स्मैक की कीमत काफी अधिक आंकी जा रही है।

इसके अलावा, पुलिस ने उनके पास से स्मैक की बिक्री से जुटाए गए 2.10 लाख (2 लाख 10 हजार) रुपये नकद और तस्करी के खेल में इस्तेमाल किए जा रहे 4 मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं।

आरोपियों के पास से बरामद कैश।

आरोपियों के पास से बरामद कैश।

मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर।

मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर।

पूरे परिवार का रहा है आपराधिक इतिहास

ग्रामीण एसपी ने बताया कि गिरफ्तार किए गए दोनों भाई-बहन का परिवार लंबे समय से इस अवैध धंधे में संलिप्त रहा है। इनके परिजनों के खिलाफ पूर्व से ही एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामले दर्ज हैं। जांच में यह बात सामने आई है कि गिरफ्तार आरोपी की मां और पत्नी को भी पूर्व में बेनीबाद थाना कांड संख्या 25/24 में एनडीपीएस एक्ट के तहत ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत (जेल) भेजा जा चुका है।

प्राथमिकी दर्ज, आगे की जांच जारी,घटना के संबंध में गायघाट थाने में संबंधित धाराओं और एनडीपीएस एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब गिरफ्तार दोनों आरोपियों का विस्तृत आपराधिक इतिहास खंगाल रही है।

इसके साथ ही पुलिस इस बात की भी गहनता से जांच कर रही है कि इतनी बड़ी मात्रा में स्मैक कहां से लाया गया था और इसे किन-किन लोगों को सप्लाई किया जाना था। पुलिस का दावा है कि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों को भी जल्द गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

.