Small Savings Schemes: स्मॉल सेविंग्स पर बड़ा फैसला, 1 अक्टूबर से पहले निवेश करें या रुकें? जानें सही रणनीति

Published on 29 सित॰ 2026

Small Savings Schemes: स्मॉल सेविंग्स पर बड़ा फैसला, 1 अक्टूबर से पहले निवेश करें या रुकें? जानें सही रणनीति

Updated: Tuesday, September 29, 2026, 16:02 [IST]

Small Savings Schemes Interest Rates: 30 सितंबर को सरकार अक्टूबर से दिसंबर तिमाही के लिए स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरों की समीक्षा करने जा रही है। अब सिर्फ एक दिन बचा है, ऐसे में निवेशकों के मन में सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या आज ही बैंक FD बुक कर लें या थोड़ा इंतज़ार करें? फिलहाल, जुलाई-सितंबर तिमाही की दरें ही लागू हैं। कल अगर दरों में कोई बदलाव होता है, तो वह 1 अक्टूबर 2026 से बनने वाले नए पोस्ट ऑफिस डिपॉजिट्स पर लागू होगा। वहीं दूसरी ओर, बैंक FD बुक करते ही आपकी ब्याज दर फिक्स हो जाती है, जिसका इस सरकारी समीक्षा से सीधा असर नहीं पड़ता।

सही फैसला लेने के लिए मौजूदा तिमाही की ब्याज दरों को समझना जरूरी है। फिलहाल पीपीएफ (PPF) पर 7.1 फीसदी, सुकन्या समृद्धि (SSY) और सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम (SCSS) पर 8.2 फीसदी की दर से ब्याज मिल रहा है। इसके अलावा, एनएससी (NSC) पर 7.7 फीसदी, किसान विकास पत्र (KVP) पर 7.5 फीसदी और पोस्ट ऑफिस मंथली इनकम स्कीम (MIS) पर 7.4 फीसदी ब्याज मिल रहा है। बड़े बैंक 1 साल की FD पर करीब 6.25 से 6.75 फीसदी तक ब्याज दे रहे हैं, वहीं कुछ चुनिंदा स्मॉल फाइनेंस बैंक आम नागरिकों को 8.25 फीसदी और सीनियर सिटीजन्स को 8.50 फीसदी तक की ब्याज दर पेश कर रहे हैं।

Small Savings Schemes Interest Rates Review  Should You Invest Before October 1  2026  Expert Guide

PPF, SSY और SCSS की दरें: जानें डिपॉजिट पर कब फिक्स होता है ब्याज

SCSS, NSC, KVP और पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट्स में अकाउंट खुलवाते ही पूरी अवधि के लिए ब्याज दर लॉक हो जाती है। हालांकि, स्कीम की अवधि बढ़ाने (extension) पर उस समय की नई ब्याज दर लागू होगी। पीपीएफ और सुकन्या समृद्धि योजना के मामले में नियम थोड़ा अलग है। अगर आप महीने की 5 तारीख से पहले पैसा जमा करते हैं, तो आपको उसी महीने का ब्याज मिलता है; 5 तारीख के बाद जमा करने पर ब्याज अगले महीने से जुड़ता है। ऐसे में 29 सितंबर को PPF या SSY में पैसे डालने पर सितंबर का ब्याज नहीं मिलेगा; इसके लिए 1 से 5 अक्टूबर के बीच डिपॉजिट करना ही समझदारी होगी।

प्रोडक्टब्याज दर5 साल (₹1 लाख)10 साल15 साल
PPF7.1%₹1.41 लाख₹1.99 लाख₹2.80 लाख
बड़े बैंकों की FD6.5%₹1.37 लाख₹1.88 लाख₹2.57 लाख
स्मॉल फाइनेंस बैंक FD8.0%₹1.47 लाख₹2.16 लाख₹3.17 लाख

ऊपर दिए गए आंकड़े सालाना कंपाउंडिंग और री-इन्वेस्टमेंट के आधार पर तैयार किए गए हैं। ध्यान रखें कि बैंक FD से होने वाली ब्याज की कमाई पर टैक्स लगता है, जबकि PPF से मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्स-फ्री है। ये दरें सितंबर के अंत की हैं और बैंक व अवधि के हिसाब से बदल सकती हैं। अगर आपको लगता है कि जल्द ही FD दरों में बदलाव हो सकता है, लेकिन साथ ही लिक्विडिटी भी बनाए रखनी है, तो आप 3 से 12 महीने की अलग-अलग अवधि में पैसे बांटकर (लेडरिंग) निवेश कर सकते हैं।

FD बनाम पोस्ट ऑफिस: अभी निवेश करें या थोड़ा रुकें?

निवेशक की श्रेणी30 सितंबर तक क्या करेंवजहक्या रुक सकते हैं?
रेगुलर इनकम चाहने वाले सीनियर सिटीजनयोग्य हैं तो आज ही SCSS लॉक करें5 साल के लिए ब्याज दर फिक्स हो जाएगीहां, लेकिन नई दरें अलग हो सकती हैं
PPF/SSY में निवेश करने वाले पेरेंट्स1-5 अक्टूबर के बीच जमा करने का इंतज़ार करेंअक्टूबर महीने का पूरा ब्याज मिलेगाहां, सितंबर का ब्याज वैसे भी छूट चुका है
शॉर्ट टर्म फंड वाले निवेशकफंड का एक हिस्सा अभी FD में लॉक करेंअभी अच्छी ब्याज दरें मिल रही हैंबाकी रकम को अलग-अलग अवधि (Laddering) में बांटें

सुरक्षा, टैक्स और लिक्विडिटी: निवेश से पहले चेकलिस्ट

सरकारी स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स को सरकार की पूर्ण सुरक्षा (Sovereign Guarantee) हासिल होती है; SCSS में ब्याज का भुगतान हर तिमाही किया जाता है। दूसरी तरफ, बैंक FD पर DICGC द्वारा प्रति बैंक प्रति जमाकर्ता ₹5 लाख तक का बीमा कवर मिलता है। टैक्स की बात करें तो PPF और सुकन्या समृद्धि योजना को सेक्शन 80C के तहत EEE (Exempt-Exempt-Exempt) का दर्जा प्राप्त है। हालांकि, SCSS, NSC, KVP और MIS से मिलने वाला ब्याज टैक्स योग्य होता है। बड़ा निवेश करने से पहले बैंक FD के प्री-मैच्योर विदड्रॉल पेनल्टी और SCSS के एक्सटेंशन नियमों को अच्छी तरह समझ लें।

Story first published: Tuesday, September 29, 2026, 15:14 [IST]